US Strikes Venezuela : वेनेजुएला की राजधानी कराकस पर किए गए अमेरिकी हमले के बाद राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को गिरफ्तार कर न्यूयॉर्क लाया गया है। अमेरिका ने इस ऑपरेशन को 'ऑपरेशन एब्सोल्यूट रिजॉल्व' नाम दिया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वेनेजुएला में ऑपरेशन के बाद कहा कि, वेनेजुएला अब हमारे कंट्रोल में है और वहां अब अमेरिकी शासन है। वहीं इस पूरे घटनाक्रम को लेकर भारत ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी है।
भारत ने वेनेजुएला में हो रहे हालिया घटनाक्रमों पर चिंता जताई है। विदेश मंत्रालय ने कहा कि भारत वहां की बदलती स्थिति पर लगातार नज़र रखे हुए है और वेनेजुएला के लोगों की सुरक्षा और भलाई के साथ खड़ा है। भारत ने सभी संबंधित पक्षों से अपील की है कि वे बातचीत और शांतिपूर्ण तरीकों से समस्याओं का समाधान करें, ताकि क्षेत्र में शांति और स्थिरता बनी रहे। मंत्रालय ने यह भी बताया कि भारतीय दूतावास, कराकस वहां रहने वाले भारतीय नागरिकों के संपर्क में है और उन्हें हर संभव मदद दी जा रही है।
विदेश मंत्रालय ने बताया कि कराकस में स्थित भारतीय दूतावास वहां रहने वाले भारतीय नागरिकों के लगातार संपर्क में है और ज़रूरत पड़ने पर हर संभव मदद दी जा रही है। इसी बीच, निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस इस समय अमेरिकी हिरासत में हैं। यह कार्रवाई शनिवार, 3 जनवरी को कराकस में अमेरिकी सेना द्वारा किए गए एक ऑपरेशन के बाद हुई। इस ऑपरेशन की जानकारी डोनाल्ड ट्रंप ने सार्वजनिक रूप से दी थी।
मादुरो को लाया गया न्यूयार्क
मिली जानकारी के मुताबिक, निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी को न्यूबर्ग में स्थित स्टीवर्ट एयर नेशनल गार्ड बेस लाया गया। इसके बाद दोनों को मेट्रोपॉलिटन डिटेंशन सेंटर, ब्रुकलिन में रखा गया है। उम्मीद है कि अगले हफ्ते उन्हें मैनहट्टन की एक फेडरल अदालत में पेश किया जाएगा। मादुरो पर अमेरिका में साल 2020 से नार्को-टेररिज्म से जुड़े गंभीर आरोप लगे हुए हैं। इन मामलों में उन पर “कार्टेल डे लॉस सोल्स” नाम के ड्रग तस्करी नेटवर्क का नेतृत्व करने, FARC के साथ मिलकर कोकीन की तस्करी करने और हथियारों से जुड़े अपराधों में शामिल होने के आरोप लगाए गए हैं।