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Job News: बेशुमार जॉब्स, बड़े शहरों में इन सेक्टर में बरस रहीं नौकरियां, पहली बार आए आंकड़ों में मिला सिग्नल

Where is Jobs in India: देश में पहली बार बड़े शहरों में लेबर मार्केट का आधिकारिक आंकड़ा सामने आया है। इसमें सामने आया है कि शहरों की इकॉनमी और बड़ी हो रही है और अधिक ऑर्गेनाइज हो रही है और सर्विस सेक्टर में नौकरियों के मौके बढ़ रहे हैं। जानिए बड़े शहरों और अन्य शहरों में कितना फर्क है और जो नौकरियां हैं, उनमें रेगुलरी सैलरी वाली कितनी हैं और किन सेक्टर्स में मौके बेशुमार हैं

Edited By: Jeevan Deep Vishawakarmaअपडेटेड Jul 05, 2026 पर 1:08 PM
Job News: बेशुमार जॉब्स, बड़े शहरों में इन सेक्टर में बरस रहीं नौकरियां, पहली बार आए आंकड़ों में मिला सिग्नल
Where is Jobs in India: सरकारी रिपोर्ट के मुताबिक 10 लाख से अधिक आबादी वाले शहरों में सिर्फ 1.6% वर्कर्स ही खेती के काम पर लगे हुए हैं जबकि अन्य शहरों में यह आंकड़ा 10.1% है। (File Photo- Pexels)

Where is Jobs in India: बड़े शहरों में अब रोजगार के रिकॉर्ड मौके बन रहे हैं। हालांकि इनमें से अधिकतर नौकरियां सर्विसेज सेक्टर में आ रही हैं, न कि फैक्ट्रियों या एग्रीकल्चर सेक्टर में। इससे देश की शहरी अर्थव्यवस्था में बड़े बदलाव का संकेत मिल रहा है। MoSPI (मिनिस्ट्री ऑफ स्टैटेस्टिक्स एंड प्रोग्राम इंप्ंलीमेंटेशन) के तहत NSO (नेशनल स्टैटेस्टिक्स ऑफिस) की 'लेबर मार्केट डाइनेमिक्स इन मिलियन प्लस सिटीज' रिपोर्ट से यह बात सामने आई है। पीरियड लेबर फोर्स सर्वे (PLFS) 2025 के आधार पर बनी इस रिपोर्ट के अनुसार 10 लाख से अधिक आबादी वाले 46 शहरों में रोजगार के सबसे अधिक मौके ट्रांसपोर्ट, कम्युनिकेशन और कई प्रकार की सर्विसेज हैं।

शहरी रोजगार में अब खेती का हिस्सा अब बहुत कम रह गया है। रिपोर्ट के मुताबिक 2017-18 से लगातार काम करने वाले और इसकी तलाश करने वालों की संख्या यानी लेबर फोर्स पार्टिसिपेशन बढ़ रही है और बेरोजगारी गिरकर 4.8% पर आ गई।

शहरों में सिर्फ 1.6% खेती पर निर्भर

सरकारी रिपोर्ट के मुताबिक 10 लाख से अधिक आबादी वाले शहरों में सिर्फ 1.6% वर्कर्स ही खेती के काम पर लगे हुए हैं जबकि अन्य शहरों में यह आंकड़ा 10.1% है। वहीं दूसरी तरफ 13.6% वर्कर्स ट्रांसपोर्ट, स्टोरेज और कम्युनिकेशन में हैं तो 31.5% वर्कर्स फाइनेंस, रियल एस्टेट, प्रोफेशनल सर्विसेज, एडुकेशन, हेल्थकेयर और पब्लिक ऐड में लगे हुए हैं। इससे संकेत मिल रहा है कि बड़े शहर में नौकरियां पारंपरिक क्षेत्रों से हटकर लॉजिस्टिक्स, कम्युनिकेशंस और हाई-वैल्यू वाली सर्विसेज की तरफ बढ़ रहा है।

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