बाइक या स्कूटी चलाते समय हेलमेट पहनना हमारी सुरक्षा के लिए बेहद जरूरी माना जाता है, लेकिन इसके बावजूद कई लोगों के मन में यह धारणा बनी हुई है कि हेलमेट लगाने से बाल झड़ने लगते हैं। खासकर गर्मियों के मौसम में जब पसीना ज्यादा आता है और स्कैल्प में चिपचिपापन बढ़ जाता है, तब यह भ्रम और भी मजबूत हो जाता है। लोग अक्सर सोचते हैं कि लगातार हेलमेट पहनने से बाल कमजोर होकर झड़ने लगते हैं, लेकिन एक्सपर्ट्स इस बात को पूरी तरह गलत बताते हैं।
उनका कहना है कि हेलमेट सीधे तौर पर बालों के झड़ने की वजह नहीं होता। असली समस्या तब पैदा होती है जब साफ-सफाई का ध्यान नहीं रखा जाता या लंबे समय तक पसीना स्कैल्प पर जमा रहता है। ऐसे में डैंड्रफ, खुजली और स्कैल्प इंफेक्शन जैसी समस्याएं बढ़ सकती हैं, जो बालों की सेहत को प्रभावित कर सकती हैं।
बाल झड़ने की समस्या के पीछे हेलमेट नहीं, बल्कि तनाव, गलत खानपान, हार्मोनल बदलाव, नींद की कमी और स्कैल्प से जुड़ी दिक्कतें होती हैं। हेलमेट सिर्फ तब परेशानी बढ़ा सकता है जब उसकी साफ-सफाई या सही इस्तेमाल का ध्यान न रखा जाए।
पसीना और गंदगी से बढ़ सकती है परेशानी
अगर हेलमेट पहनकर लंबे समय तक पसीना स्कैल्प पर जमा रहता है तो खुजली, डैंड्रफ और चिपचिपापन बढ़ सकता है। यही आगे चलकर बाल टूटने और कमजोर होने की वजह बन सकता है।
गंदा या टाइट हेलमेट नुकसानदायक
गंदे हेलमेट में बैक्टीरिया और फंगस पनप सकते हैं, जिससे स्कैल्प इंफेक्शन हो सकता है। वहीं बहुत टाइट हेलमेट स्कैल्प पर दबाव डालकर बालों को कमजोर कर सकता है।
गीले बालों पर हेलमेट पहनना गलत
बाल धोने के तुरंत बाद हेलमेट पहनने से नमी फंस जाती है, जिससे फंगल इंफेक्शन और खुजली की समस्या बढ़ सकती है। इसलिए हमेशा सूखे बालों पर ही हेलमेट पहनना चाहिए।
सही हेलमेट और हाइजीन का ध्यान जरूरी
हमेशा आरामदायक साइज का हेलमेट चुनें और उसकी अंदर की लाइनिंग को समय-समय पर साफ करें। साथ ही कॉटन कैप या स्कार्फ का इस्तेमाल भी पसीना कम करने में मदद कर सकता है।
अगर लगातार ज्यादा बाल झड़ रहे हों, खुजली या स्कैल्प इंफेक्शन हो रहा हो तो देर न करें और डर्मेटोलॉजिस्ट से सलाह जरूर लें।