Rajasthan Election 2023: भारत को एक त्योहारों और उत्साह वाला देश कहा जाता है। यहां की सियासत में भी इसका अच्छा खासा असर देखने को मिल जाएगा। क्योंकि भारत के चुनाव भी किसी तीज त्योहार से कम नहीं हैं। पांच राज्यों के आगामी विधानसभा चुनाव (Assembly Elections 2023) भी फेस्टिव सीजन में ही हो रहे हैं। मजे की बात ये है कि चुनाव शुरू होने से ठीक एक हफ्ता पहले यानी बुधवार को करवा चौथ (Karva Chauth 2023) है। ऐसे में राजस्थान की महिला प्रत्याशियों और खासकर जो शादी शुदा हैं, उनके लिए ये दिन किसी कठिन परीक्षा से कम नहीं होगा। महिला उम्मीदवार दिनभर चुनाव प्रचार करेंगी, मीटिंग करेंगी और लोगों से मिलेंगी जुलेंगी, वो भी भूखा और प्यासा रह कर। तो हुआ ना उनके लिए ये एक मुश्किल दिन।
मीडिया रिपोर्ट्स की मानें, तो राजस्थान की ज्यादातर महिला कैंडिडेट ने करवा चौथ वाले दिन के लिए कुछ इसी तरह शेड्यूल बनाया, जिसमें न वे कुछ खाएंगे और न पीएंगी, बस मीटिंग, मुलाकात, प्रचार और बैठकों का दौर जारी रहेगा।
हालांकि, इसके लिए कुई उम्मीदवारों ने खास तरह का प्लान तैयार किया है, जैसे अपने-अपने विधानसभा क्षेत्र में ज्यादा दूर दूराज के इलाकों की यात्रा न करना, बैठकों और मुलाकात का समय सीमित करना।
करवा चौथ पर महिला उम्मीदवारों का चुनाव प्रचार
सिकराय से कांग्रेस उम्मीदवार ममता भूपेश ने राजस्थान पत्रिका से बात करते हुए कहा वे करवा चौथ वाले दिन नामांकन भरने की तैयारियों में व्यस्त रहेंगी, क्योंकि अगले ही दिन उन्हें पर्चा भी भरना है।
इसी तरह सोजत की बीजेपी प्रत्याशी भी चुनाव के साथ करवा चौथ की तैयारियों में व्यस्त दिखीं, क्योंकि उन्होंने एक दिन पहले ही हाथों में महेंदी लगवा ली। उन्होंने करवा चौथ वाले दिन के लिए प्रचार का एक खास तरीका भी निकाला है।
उन्होंने बताया, "इस दिन मैं व्रत रख कर इलाकों के लोगों को पीले चावल भेंट कर जनसंपर्क अभियान चलाऊंगी और पूजा अर्चना करूंगी। शाम को एक विशेष पूजा कर पति की लंबी उम्र और अपने इलाके के लोगों की खुशहाली की कामना करूंगी।" उन्होंने बताया कि वह चार नवंबर को नामांकन भरेंगी।
हिंडौन से कांग्रेस उम्मीदवार अनीता जाटव के लिए ये करवा चौथ बेहद खास है, क्योंकि उन्हें चौथ से एक दिन पहले ही पार्टी का टिकट मिला है। उन्होंने करवा चौथ के अपने लिए एक 'वरदान' बताया।
अखबार से बात करते हुए अनीता ने कहा, "मैं घर की बड़ी बहू हूं। इस नाते मैं अपनी दोनों देवरानियों के साथ मिलकर निर्जल व्रत रखूंगी और जन संपर्क के दौरान में भी इस रीति को अपनाऊंगी।"
230 सीटों वाली राजस्थान विधानसभा के लिए एक चरण मतदान होगा। राजस्थान की जनता 25 नवंबर को मतदान करेगी। इसका नतीजा छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, मिजोरम और तेलंगाना के विधानसभा चुनावों के साथ 3 दिसंबर को आएगा।