Telangana Election 2023: तेलंगाना के लिए BJP के घोषणापत्र में, UCC, मुस्लिम कोटा खत्म, फ्री अयोध्या टूर
Telangana Election 2023: गडवाल में एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस (Congress) ने पिछले 70 सालों में राम मंदिर (Ram Mandir) के निर्माण में बाधा डाली और देरी की। शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंदिर का भूमि पूजन किया था और प्राण प्रतिष्ठा 22 जनवरी 2024 को की जाएगी। शाह ने रैली में मौजूद लोगों से तेलंगाना में BJP को चुनने की अपील की और कहा कि पार्टी नीत सरकार सभी लोगों को अयोध्या में भगवान राम के मुफ्त दर्शन कराने की व्यवस्था करेगी
MoneyControl News
अपडेटेड Nov 18, 2023 पर 8:55 PM
Telangana Election 2023: तेलंगाना के लिए BJP के घोषणापत्र में, UCC, मुस्लिम कोटा खत्म, फ्री अयोध्या टूर
Telangana Election 2023: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह (Amit Shah) ने शनिवार को कहा कि अगर BJP सत्ता में आई, तो वो तेलंगाना (Telangana) में समान नागरिक संहिता (UCC) लागू करेगी। शाह ने ये घोषणा चुनावी राज्य तेलंगाना के लिए BJP के घोषणापत्र (BJP Manifesto) के एक हिस्से के रूप में की, जो शनिवार को जारी किया गया। अमित शाह ने ये भी कहा कि राज्य में सुधार लागू करने के लिए एक समिति बनाई जाएगी। उन्होंने राज्य में मुसलमानों के लिए 4 प्रतिशत 'अवैध' कोटा खत्म करने और OBC, दलितों और ST के लिए कोटा बढ़ाने का भी वादा किया।
गडवाल में एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस (Congress) ने पिछले 70 सालों में राम मंदिर (Ram Mandir) के निर्माण में बाधा डाली और देरी की। शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंदिर का भूमि पूजन किया था और प्राण प्रतिष्ठा 22 जनवरी 2024 को की जाएगी।
शाह ने रैली में मौजूद लोगों से तेलंगाना में BJP को चुनने की अपील की और कहा कि पार्टी नीत सरकार सभी लोगों को अयोध्या में भगवान राम के मुफ्त दर्शन कराने की व्यवस्था करेगी।
मुस्लिम कोटा असंवैधानिक
तेलंगाना में के. चंद्रशेखर राव (KCR) के नेतृत्व वाली भारत राष्ट्र समिति (BRS) सरकार पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि इसने मुसलमानों को धर्म के आधार पर आरक्षण दिया, जो ‘असंवैधानिक’ है।
शाह ने कहा कि अगर राज्य में बीजेपी की सरकार बनती है, तो धर्म के आधार पर दिए गए आरक्षण को रद्द कर दिया जाएगा और ओबीसी (अन्य पिछड़ा वर्ग) और अनुसूचित जनजाति (ST) का कोटा बढ़ाया जाएगा।
उन्होंने कांग्रेस और बीआरएस, दोनों को पिछड़ा वर्ग विरोधी दल बताते हुए दावा किया कि केवल BJP और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ही पिछड़ा वर्ग का कल्याण कर सकते हैं।
उन्होंने पिछड़े वर्ग से आने वाले नेता को राज्य का मुख्यमंत्री बनाने का बीजेपी का वादा भी दोहराया।
बीआरएस सरकार के कथित अधूरे वादों को गिनाते हुए शाह ने अपने भाषण में कहा कि केसीआर सरकार ने झूठे वादे करने का विश्व रिकॉर्ड बनाया है।
सरकारी नौकरियों की परीक्षाओं के प्रश्न पत्र लीक होने का जिक्र करते हुए केंद्रीय मंत्री ने कहा कि तेलंगाना के युवा राज्य लोक सेवा आयोग के प्रश्न पत्र 16 बार लीक होने से सर्वाधिक प्रभावित हुए हैं।
उन्होंने कहा कि भाजपा पारदर्शी तरीके से युवाओं को पांच सालों में 2.5 लाख सरकारी नौकरियां मुहैया करेगी।
शाह ने तेलंगाना की आबादी में ओबीसी की हिस्सेदारी 52 प्रतिशत होने का उल्लेख करते हुए कहा कि भाजपा के सत्ता में आने पर मुख्यमंत्री पद इस समुदाय से आने वाले नेता को दिया जाएगा।
उन्होंने बीआरएस को ‘भ्रष्टाचार रिश्वत समिति’ करार देते हुए आरोप लगाया कि कालेश्वरम सिंचाई परियोजना और मिशन भागीरथ सहित विभिन्न सरकारी परियोजनाओं में करोड़ों रुपयों का भ्रष्टाचार हुआ है।
शाह ने बीआरएस विधायकों पर यह आरोप भी लगाया कि वे दलित बंधू योजना के लाभार्थियों से एक लाख से तीन लाख रुपये तक की रिश्वत ले रहे हैं।
उन्होंने बीआरएस सरकार पर हमला जारी रखते हुए आरोप लगाया कि यह तुष्टिकरण की राजनीति में शामिल है।
उन्होंने इस बात का उल्लेख किया कि राज्य सरकार ने उर्दू को दूसरी भाषा का दर्जा और मुसलमानों को चार प्रतिशत आरक्षण दिया है।
कांग्रेस और बीआरएस को ‘परिवारवाद’ करार देते हुए शाह ने दावा किया कि केसीआर अपने बेटे के.टी. रामा राव को मुख्यमंत्री बनाना चाहते हैं, जबकि (कांग्रेस की पूर्व अध्यक्ष) सोनिया गांधी अपने बेटे राहुल गांधी को प्रधानमंत्री बनाना चाहती हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘हमने निर्णय लिया है कि अगर हमारी सरकार बनती है तो कोई बेटा-बेटी मुख्यमंत्री नहीं बनेगा, बल्कि पिछड़ा वर्ग के गरीब परिवार से आने वाला नेता मुख्यमंत्री बनेगा।’’
उन्होंने कहा, ‘‘यह चुनाव प्रधानमंत्री मोदी के सुशासन और केसीआर की अनदेखी के बीच एक को चुनने के लिए है।’’