Maha Kumbh 2025: गीता प्रेस की खास पेशकश, 5 रुपये में मिलेगा ज्ञान का संगम

Mahakumbh 2025: महाकुंभ में गीता प्रेस का कैंप सिर्फ एक पुस्तकालय नहीं होगा, बल्कि ऐसा स्थान होगा जहां श्रद्धालु धर्म, संस्कृति और आध्यात्मिकता को बेहतर तरीके से समझ पाएंगे। यह पहल धार्मिकता को बढ़ावा देने के साथ-साथ हर व्यक्ति को भारतीय संस्कृति और इसके अनमोल साहित्य से जोड़ने का सराहनीय प्रयास है

अपडेटेड Dec 27, 2024 पर 4:30 PM
Story continues below Advertisement
Mahakumbh 2025: महाकुंभ में गीता प्रेस के कैंप लगाए जाएंगे, जहां श्रद्धालुओं को धार्मिक पुस्तकों का मिलेगा लाभ

 प्रयागराज में होने वाले महाकुंभ मेले में गीता प्रेस अपनी समृद्ध धार्मिक धरोहर को श्रद्धालुओं तक पहुंचाने के लिए विशेष तैयारियों के साथ उपस्थित होगा। इस साल, गीता प्रेस ने महाकुंभ के दौरान एक भव्य कैंप स्थापित करने की योजना बनाई है। इस कैंप का उद्देश्य धार्मिक साहित्य और आध्यात्मिक ज्ञान को हर वर्ग के श्रद्धालुओं तक पहुंचाना है। गीता प्रेस के कैंप को एक अनोखे पुस्तकालय के रूप में तैयार किया गया है, जहां श्रद्धालु धर्म, संस्कृति और आध्यात्मिकता के गहरे अर्थ को समझ सकेंगे। इस कैंप में श्रीमद्भगवद्गीता, रामचरितमानस, पुराण, और अन्य प्रमुख धार्मिक ग्रंथों का संग्रह विभिन्न भाषाओं में उपलब्ध होगा

यह पहल न केवल श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक ज्ञान से जोड़ने का प्रयास है, बल्कि भारतीय संस्कृति और परंपराओं का प्रसार करने का भी एक सराहनीय कदम है।

महाकुंभ पर्व की पुस्तिका उपलब्ध


गीता प्रेस इस बार महाकुंभ मेला में एक विशेष पुस्तिका ‘महाकुंभ पर्व’ लेकर आ रहा है, जो महाकुंभ और अर्धकुंभ के धार्मिक व आध्यात्मिक महत्व पर प्रकाश डालने वाली है। इस पुस्तिका की कीमत मात्र 5 रुपये होगी, ताकि हर वर्ग के श्रद्धालु इसे प्राप्त कर महाकुंभ की परंपरा और दर्शन से परिचित हो सकें। साथ ही, गीता प्रेस ने कैंप में श्रीमद्भगवद्गीता, रामचरितमानस, पुराण और अन्य प्रमुख धार्मिक ग्रंथों का संग्रह किया है, जो अलग-अलग भाषाओं में उपलब्ध होंगे। यह कदम हर क्षेत्र और भाषा के श्रद्धालुओं को धार्मिक ज्ञान से जोड़ने के लिए महत्वपूर्ण है।

नई तकनीक से पुस्तक वितरण की तैयारी

गीता प्रेस के ट्रस्टी देवीदयाल अग्रवाल के अनुसार, आधुनिक मशीनों की मदद से अब बड़े पैमाने पर किताबें छापना संभव हो सका है। हालांकि, इस बार पुस्तकों का वितरण चुनौतीपूर्ण है, क्योंकि गीता प्रेस ने पांच करोड़ रुपये तक के साहित्य वितरण का लक्ष्य रखा है। इसके बावजूद, गीता प्रेस ने सुनिश्चित किया है कि 10 जनवरी तक सारी किताबें महाकुंभ कैंप तक पहुंच जाएं। ट्रकों के माध्यम से इन पुस्तकों को समय पर पहुंचाने की योजना बनाई गई है।

गीता प्रेस का यह प्रयास श्रद्धालुओं को महाकुंभ के आध्यात्मिक वातावरण का अनुभव प्रदान करने के साथ-साथ उन्हें धार्मिक ज्ञान भी देने में मदद करेगा। यह पहल महाकुंभ में आने वाले हर व्यक्ति को भारतीय संस्कृति के अमूल्य साहित्य से जोड़ने का एक सराहनीय प्रयास है।

Mahakumbh Mela 2025: महाकुंभ मेले में लगे हरे-लाल-नीले QR कोड, मिलेगी अहम जानकारी, जानिए कैसे करें इस्तेमाल

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।