बजट 2023: फाइनेंस मिनिस्टर निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman) हेल्थ सेक्टर के लिए इस बार बड़ा ऐलान कर सकती हैं। अनुमान है कि वित्त मंत्री हेल्थ मिनिस्ट्री के उस डिमांड को मान लेंगी, जिसमें सर्वाइकल कैंसर की वैक्सीन (Cervical cancer vaccine) को सरकार के नेशनल इम्यूनाइजेशन प्रोग्राम (National Immunization program) में शामिल करने की मांग की गई थी। सर्वाइकल कैंसर महिलाओं को होने वाला दूसरा सबसे बड़ा कैंसर है। एक्सपर्ट्स का मानना है कि अगर सरकार इसे नेशनल इन्यूनाजेशन कार्यक्रम में शामिल करती है तो इससे महिलाओं को इस बीमारी की चपेट में आने से बचाने में मदद मिलेगी। बड़ी संख्या में उन महिलाओं को सरकार की तरफ से मुफ्त वैक्सीन लगाई जा सकेगी, जिनके लिए अपने खर्च से यह वैक्सीन लगवाना मुमकिन नहीं है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण 1 फरवरी, 2023 को यूनियन बजट (Union Budget) पेश करेंगी।
हेल्थ मिनिस्ट्री ने वित्त मंत्री से की है गुजारिश
हेल्थ मिनिस्ट्री ने फाइनेंस मिनिस्ट्री से Human Papillomavirus (HPV) वैक्सीन को नेशनल इम्यूनाइजेशन प्रोग्राम में शामिल करने की गुजारिश की है। मिनिस्ट्री ने कहा है कि सर्वाइकल कैंसर की वैक्सीन सुरक्षित है। इसे 9-14 साल की लड़कियों को लगाया जा सकता है। स्वास्थ्य मंत्रालय का कहना है कि सरकार इस वैक्सीन को रियायती दर पर खरीद सकती है। इससे महिलाओं के लिए बेहतर हेल्थ प्लानिंग में सरकार को मदद मिलेगी। इंडिया में 45 साल तक की महिलाएं एचीवी वैक्सीन लगवा सकती हैं। हालांकि, डॉक्टर की सलाह है कि इसे 9 से 14 साल की उम्र के दौरान लड़कियों को लगाना सबसे अच्छा रहता है। इस उम्र के लड़कियों के एचपीवी वायरस के संपर्क में आने की बहुत कम आशंका होती है।
काफी महंगी है सर्वाइकल कैंसर की वैक्सीन
अभी एचवीपी शॉट्स Cevarix, Gardasil 4 और Gardasil 9 इंडिया में उपलब्ध है। Ceravix और Gardasil 4 की कीमत प्रति खुराक करीब 2000 से 3,500 रुपये के बीच है। Gardasil 9 सबसे महंगी है। खुराक आम तौर पर दो या तीन होती है। यह व्यक्ति की उम्र पर निर्भर करती है। सरकार को उम्मीद है कि Cervavac के अगले साल मार्च और अप्रैल तक आ जाने की उम्मीद है।
सरकार बढ़ा सकती है नेशनल इम्यूनाइजेशन प्रोग्राम का दायरा
एक्सपर्ट्स का कहना है कि कोरोना की महामारी धीरे-धीरे खत्म हो रही है। ऐसे में सरकार पर कोरोना के इलाज के लिए खर्च बढ़ाने का प्रेशर नहीं है। ऐसे में सरकार अपना फोकस उन बीमारियों को बढ़ने से रोकने पर कर सकती है, जिनसे देश में बड़ी संख्या में महिलाओं के ग्रसित होने की आशंका है। इसी वजह से यह माना जा रहा है कि फाइनेंस मिनिस्टर अगले साल 1 फरवरी को सर्वाइकल कैंसर की वैक्सीन को नेशनल इम्यूनाइजेशन प्रोग्राम के तहत लाने का ऐलान कर सकती हैं।