Get App

Union Budget 2023: बजट में लगातार बढ़ रहा पूंजीगत खर्च के लिए आवंटन, डेटा देख लीजिए

Union Budget 2023: सरकार ने कोरोना की महामारी शुरू होने के बाद इकोनॉमी को सहारा देने के लिए पूंजीगत खर्च बढ़ाया था। उसके बाद हर साल पूंजीगत खर्च में अच्छी वृद्धि देखने को मिली है। इसका फायदा भी हुआ है। जब अमेरिका और इंग्लैंड की इकोनॉमी पर मंदी का खतरा मंडरा रहा है तब इंडियन इकोनॉमी की ग्रोथ बहुत अच्छी है

Curated By: Rakesh Ranjanअपडेटेड Jan 10, 2023 पर 3:21 PM
Union Budget 2023: बजट में लगातार बढ़ रहा पूंजीगत खर्च के लिए आवंटन, डेटा देख लीजिए
सरकार ने बजट 2022 में इस फाइनेंशियल ईयर के लिए कैपिटल एक्सपेंडिचर के लिए 7.5 लाख करोड़ रुपये का आवंटन किया था। यह एक साल पहले के आवंटन के मुकाबले 24 फीसदी ज्यादा है।

Union Budget 2023: बीते सालों में कैपिटल एक्सपेंडिचर (Capital Expenditure) के मामले में सरकार के रुख में बड़ा बदलाव आया है। खासकर कोरोना की महामारी शुरू होने के बाद सरकार ने बजट में कैपिटल एक्सपेंडिचर के लिए आवंटन काफी बढ़ाया है। इसकी कुछ खास वजहें रही हैं। लेकिन, एक बात तय है कि इससे इकोनॉमी को बहुत फायदा हुआ है। जब अमेरिका, इंग्लैंड और यूरोप की इकोनॉमी पर मंदी का खतरा मंडरा रहा है तब इंडियन इकोनॉमी की ग्रोथ दुनिया में सबसे ज्यादा है। उम्मीद है कि अगले यूनियन बजट में भी कैपिटल एक्सपेंडिचर पर सरकार का फोकस बना रहेगा। फाइनेंस मिनिस्चर निर्मला सीतारमण 1 फरवरी को यूनियन बजट पेश करेंगी।

इस फाइनेंशियल ईयर 7.5 लाख करोड़ है कैपिटल एक्सपेंडिचर का टारगेट 

सरकार ने बजट 2022 में इस फाइनेंशियल ईयर के लिए कैपिटल एक्सपेंडिचर के लिए 7.5 लाख करोड़ रुपये का आवंटन किया था। यह एक साल पहले के आवंटन के मुकाबले 24 फीसदी ज्यादा है। यह फाइनेंशियल ईयर 2019-20 के आवंटन के मुकाबले दोगुना से ज्यादा है।

सब समाचार

+ और भी पढ़ें