यूरोपियन सेंट्रल बैंक (European Central Bank) ने साल 2011 के बाद पहली बार गुरुवार 21 जुलाई को ब्याज दरें बढ़ाने (Interest rates Hike) का ऐलान किया। इसके साथ ही उसके एक नया बॉन्ड-खरीद प्रोग्राम भी लॉन्च किया, जिसका मकसद यूरो जोन (Euro Zone) के सबसे अधिक कर्ज में डूबे देशों के लिए उधार की लागत को काबू में रखना है।
