कोटक महिंद्रा बैंक (Kotak Mahindra Bank) आने वाले समय में 'सही मौकों' की तलाश में है। बैंक के मैनेजिंग डायरेक्टर और सीईओ उदय कोटक (Uday Kotak) ने बुधवार 4 मई को मनीकंट्रोल के साथ एक बातचीत में यह कहा। उदय कोटक की यह टिप्पणी ऐसे समय में आई जब बैंकिंग सेक्टर में मर्जर और अधिग्रहण देखे जा रहे हैं। ऐसे में उनके इस बयान की अहमियत बढ़ जाती है।
उदय कोटक ने कहा, "हम लगातार देख रहे हैं और हमारा मानना है कि हमारी बैलेंश शीट मजबूत है। हमारी पोजिशनिंग अच्छी है। पूंजी भी पर्याप्त है। फंड की लागत कम है। भविष्य में सही मौके के लिए हम बिल्कुल खुले हैं।"
हाल ही में हाउसिंग डिवेलपमेंट फाइनेंस कॉरपोरेशन (HDFC) और HFDC बैंक ने मर्जर का ऐलान किया था। इसके अलावा एक्सिस बैंक ने सिटी इंडिया के रिटेल बिजनेस का अधिग्रहण किया है। इन सबके चलते ऐसी अटकलें हैं कि बैंकिंग सेक्टर में आने वाले समय में और भी मर्जर और अधिग्रहण देखने को मिल सकते हैं।
कोटक ने कहा, "मेरा हमेशा यह मानना रहा है कि पिछले दो सालों में बाजार में काफी लिक्विडिटी होने के चलते संपत्तियों के लिए यह एक शानदार समय रहा है। ऐसे में एसेट की कीमत कहीं अधिक वास्तविक होनी चाहिए, जिससे हम अलगा बड़ा कदम उठा सकें।"
कोटक ने अर्थव्यवस्था में बढ़ती महंगाई का हवाला देते हुए कहा कि "इंफ्लेशन की मुसीबत हमारे दरवाजे पर खड़ी है" और रिजर्व बैंक इंडिया ने अपनी नीति में बदलाव कर सही कदम उठाया है।
बता दें कि RBI गवर्नर ने आज दिन में रेपो रेट को 0.40 फीसदी बढ़ाकर 4.40 फीसदी का ऐलान किया था। इसके अलावा रिजर्व बैंक ने बाजार से पैसे कम करने के लिए कैश रिजर्व रेशियो को भी 50 फीसदी बढ़ाकर 4.50 फीसदी कर दिया है। कोटक ने कहा, "मुझे लगता है कि इस दर में बढ़ोतरी की जरूरत थी और मुझे खुशी है कि उन्होंने इंट्रा-मार्केट और इंट्रा पॉलिसी पर काम किया है।"
इससे पहले कोटक महिंद्रा बैंक ने आज दिन में मार्च तिमाही के नतीजों का ऐलान किया। बैंक ने बताया कि मार्च तिमाही में उसका मुनाफा 64.5 फीसदी बढ़कर 2,767.4 करोड़ रुपये रहा, जो पिछले वित्त वर्ष की चौथी तिमाही में 1,682.4 करोड़ रुपये था। इसके अलावा चौथी तिमाही में बैंक की ब्याज से आय (NII) 17.6 फीसदी की बढ़त के साथ 4,521 करोड़ रुपये पर रही है जबकि पिछले वित्त वर्ष की समान अवधि में यह 3,843 करोड़ रुपये पर रही थी।