सूत्रों के हवाले से मिल जानकारी के मुताबिक इंटरनेशनल मार्केट में कीमतों में आई गिरावट के कारण सरकार बासमती की MEP (minimum export price) घटा सकती है। सरकार एक्सपोर्टर्स को राहत देनें के लिए बासमती की MEP में कटौती कर सकती है। सूत्रों का कहना है कि कई वैरायटी के दाम MEP के नीचे आ गए है। इनके दाम घटने से MEP घट सकती है। फिलहाल अभी बासमती की एमईपी 950 डॉलर प्रति टन है। पिछले साल अक्टूबर में बासमती की एमईपी घटी थी।
