Commodity Market: इंडियन राइस एक्सपोर्ट्स फेडरेशन (IREF) ने नॉन-बासमती के एक्सपोर्ट से MEP हटाने की मांग की है। IREF ने सरकार को लिखकर MEP हटाने की मांग की है। IREF ने चावल की 490 प्रति डॉलर टन की MEP हटाने की मांग की है। IREF को जल्द $490/टन की MEP हटाने की उम्मीद है।
इंडियन राइस एक्सपोर्ट्स फेडरेशन के वीपी देव गर्ग ने सीएनबीसी -आवाज से बात करते हुए कहा कि 275 लाख टन अतिरिक्त चावल बाजार में आएगा। 235 लाख टन OMSS के तहत चावल का स्टॉक मौजूद है। उन्होंने कहा कि सफेद चावल पर सरकार ने MEP लगाई थी।
देव गर्ग ने आगे कहा कि सरकार चावल के एक्सपोर्ट पर किसी भी तरह का प्रतिबंध न लगाए। $490/टन की MEP पर एक्सपोर्ट सही नहीं है। उन्होंने कहा कि इंटरनेशनल मार्केट में चावल के दाम कम हुए हैं। सरकार को चावल के एक्सपोर्ट पर सब्सिडी भी देनी पड़ सकती है।
इस साल सफेद चावल का भाव 29 रुपये प्रति किलो है। जबकि पिछले साल दिवाली तक सफेद चावल का भाव 32 रुपये प्रति किलो था। उन्होंने कहा कि सफेद चावल का एक्सपोर्ट बढ़ाने की जरुरत है।
पीली मटर का वायदा 16 अक्टूबर से आएगा। NCDEX पर एक साथ 4 कॉन्ट्रैक्ट लॉन्च किया है। NCDEX पर सिंबल YELLOWP' होगा। अनप्रोसेस्ड साबुत कच्ची पीली मटर का वायदा होगा। सोमवार-शुक्रवार सुबह 10 से शाम 5 बजे तक ट्रेडिंग होगी।
रबी फसलों की MSP बढ़ोतरी को भी कैबिनेट की मंजूरी
इसके अलावा रबी फसलों की MSP बढ़ोतरी को भी कैबिनेट की मंजूरी मिल गई है। सरसों का MSP 300 रुपए प्रति क्विंटल बढ़ाने, चने का MSP 210 रुपए प्रति क्विंटल बढ़ाने, गेहूं का MSP 2,275 रुपए से 150 रुपए प्रति क्विंटल बढ़कर 2,425 रुपए प्रति क्विंटल करने को भी मंजूरी दे दी गई है। कैबिनेट की बैठक खत्म हो गई है।