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Sunflower Oil Price: सनफ्लावर ऑयल की कीमतों में आया उछाल, क्या हैं वजह, आगे और कितनी तेजी संभव

संदीप बजोरिया का कहना है कि सनफ्लावर ऑयल का भारत सबसे बड़ा इंपोर्टर है। क्रॉप में हॉट एंड ड्राई क्लाइमेट होने से यूक्रेन, रशिया और यूरोप में यील्ड में थोड़ा प्रॉब्लम जरुर देखने को मिला है। यहीं कारण है कि सनफ्लावर ऑयल की कीमतें ऊंचाई पर बनी हुई है। सनफ्लावर ब्रांडेड सेगमेंट में बिकता है और प्रीमियम कस्टमर उसको लेते हैं तो अवेलेबिलिटी की कोई दिक्कत नहीं है

Edited By: Sujata Yadavअपडेटेड Jul 22, 2025 पर 3:32 PM
Sunflower Oil Price: सनफ्लावर ऑयल की कीमतों में आया उछाल, क्या हैं वजह, आगे और कितनी तेजी संभव
सनफ्लावर ऑयल की कीमतों में तेजी देखने को मिली। फ्यूचर्स में भाव $1,270 प्रति टन के पास पहुंचा।

सनफ्लावर ऑयल की कीमतों में तेजी देखने को मिली। फ्यूचर्स में भाव $1,270 प्रति टन के पास पहुंचा। 1 जुलाई को 8 महीनों के निचले स्तर $1,133.7 तक फिसला था। डिमांड बढ़ने से फिर से कीमतों में तेजी आने लगी। दरअसल, कीमतों में ये उछाल यूक्रेन में सूखा पड़ने के कारण आया।

ग्लोबल एक्सोपर्ट का यूक्रेन की 70% भागीदारी है। दक्षिणी यूक्रेन में सूखे के कारण उत्पादन में गिरावट देखने को मिला। जून में क्रशिंग वॉल्यूम में 11% की कमी आई। सालाना आधार पर क्रशिंग वॉल्यूम 21% गिरा है। यूरोप में मांग बढ़ रही है। यूरोप में कीमतें $1,160–1,200/टन के करीब पहुंची।

महंगे पाम ऑयल के चलते सनफ्लावर ऑयल की डिमांड बढ़ी है जबकि भारत में सनफ्लावर ऑयल का इंपोर्ट बढ़ा है। भारत का जून में इंपोर्ट 18% बढ़ाकर 2.16 लाख टन रहा। नई फसल को लेकर चिंता से खरीदारी बढ़ी है।

सनविन ग्रुप के सीईओ संदीप बजोरिया का कहना है कि सनफ्लावर ऑयल का भारत सबसे बड़ा इंपोर्टर है। क्रॉप में हॉट एंड ड्राई क्लाइमेट होने से यूक्रेन, रशिया और यूरोप में यील्ड में थोड़ा प्रॉब्लम जरुर देखने को मिला है। यहीं कारण है कि सनफ्लावर ऑयल की कीमतें ऊंचाई पर बनी हुई है। सनफ्लावर ब्रांडेड सेगमेंट में बिकता है और प्रीमियम कस्टमर उसको लेते हैं तो अवेलेबिलिटी की कोई दिक्कत नहीं है।

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