पेट्रोल, डीजल और गैस की बढ़ती कीमतों, बेमौसम बारिश और प्याज, आलू व टमाटर जैसे रसोई के जरूरी सामानों के महंगे होने ने भारतीय परिवारों के लिए इस त्योहारी सीजन को मुश्किल और खर्चीला बना दिया है। चावल की कीमतों में भी बढ़ोतरी हुई है। इनमें बासमती और गैर-बासमती दोनों तरह के चावल शामिल है।
कोलकाता सहित कई शहरों में तो टमाटर की कीमतें 100 रुपय तक पहुंच गई, जो लोगों की जेब तेजी से खाली कर रही हैं। सब्जी विक्रेताओं के एसोसिएशन से जुड़े एक शख्स ने बताया, "पिछले दो महीनों के दौरान भारी बारिश हुई है, जिसके चलते प्याज और टमाटर की कीमतों पर असर पड़ा है। स्टोरेज में रखे प्याज भी बारिशों के चलते खराब हुए हैं, इसके चलते भी प्याज की कीमतें बढ़ी हैं।"
अमरिंदर सिंह के बचाव में उतरीं पाकिस्तानी पत्रकार अरूसा आलम, कांग्रेस नेताओं पर बोला तीखा हमला
मुंबई, कोलकाता और दिल्ली जैसे महानगरों में प्याज की रिटेल कीमतें इस समय करीब 50-60 रुपये के आसपास हैं। एक प्याज विक्रेता ने बताया, "प्याज की नई उपज नवंबर के तीसरे या चौथे सप्ताह तक बाजार में आएगी। उससे पहले तक प्याज की कीमतों के घटने के आसार नहीं है।"
टमाटर की कीमतों के 100 रुपये प्रति किलो तक पहुंचने को लेकर एक सब्जी विक्रेता ने बताया, "हालिया बारिश ने टमाटर के पौधों को नुकसान पहुंचाया है। इसके अलावा त्योहारी सीजन के दौरान मांग बढ़ने से भी कीमतें बढ़ी हैं। टमाटर की कीमतों में कम से कम 15-20 दिन बाद ही गिरावट देखने को मिलेगी।"
आलू की बात करें तो, हालिया बारिश से पश्चिम बंगाल, पंजाब और उत्तर प्रदेश में आलू की फसलों को नुकसान पहुंचा है। इसके चलते कोल्ड स्टोरेज में रखे आलू की मांग बढ़ गई है। आलू की होलसेल कीमतों में करीब 60 पर्सेंट बढ़ोतरी देखी जा रही है। वहीं चावल की कीमतों में करीब 10 से 15 पर्सेंट की बढ़ोतरी हुई है।