Adani Group के लिए यह हफ्ता बहुत अहम है। दरअसल, एशिया के बड़े निवेशकों के साथ अडाणी ग्रुप की बैठक सोमवार को शुरू होने जा रही है। अमेरिकी फर्म हिंडनबर्ग (Hindenburg) की रिसर्च रिपोर्ट आने के बाद एशिया के फिक्स्ड-इनकम इनवेस्टर्स के साथ इस बैठक को बहुत अहम माना जा रहा है। हिंडनबर्ग की रिपोर्ट पिछले महीने आई थी। इसके बाद अडाणी समूह की कंपनियों के शेयरों में बड़ी गिरावट आई थी। इस रिपोर्ट में अडाणी ग्रुप पर कंपनियों के अकाउंटिंग में हेराफेरी और शेयरों की कीमतों को बढ़ाने के लिए गलत तरीके अपनाने के आरोप लगाए गए हैं। अडाणी समूह ने हिंडनबर्ग की रिपोर्ट को दुर्भावना से प्रेरित बताया है।
सिंगापुर और हांगकांग में तीन दिन होगी बैठक
सोमवार को सिंगापुर के Capitol Kempinski होटल में होने जा रही इस बैठक में करीब एक दर्जन ग्लोबल बैंक हिस्सा लेंगे। उसके बाद मंगलवार और बुधवार को हागंकांग में बैठक होगी। यह बैठक हांगकांग के बार्कलेज के ऑफिस में होगी। बार्कलेज ब्रिटेन का मल्टीनेशनल बैंक है। बताया जाता है कि सिंगापुर और हांगकांग में होने वाली मीटिंग्स में Adani Group के चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर Jugeshinder Singh और कॉर्पोरेट फाइनेंस हेड अनुपम मिश्रा हिस्सा लेंगे।
वैल्यूएशंस 150 अरब डॉलर घटी
अडाणी ग्रुप कई तरह के बिजनेस में है। इनमें पोर्ट से लेकर पावर तक शामिल है। लेकिन, हिंडनबर्ग की रिपोर्ट आने के बाद इसकी शेयरों की वैल्यूएशन में करीब 150 अरब डॉलर की गिरावट आ चुकी है। हालांकि, यह समूह इसकी भरपाई जल्द से जल्द करने की कोशिश कर रहा है। माना जा रहा है कि सिंगापुर और हांकांग में होने वाली वाली बैठक इसी कड़ी का हिस्सा हैं।
बॉन्ड्स की कीमतों में भी बड़ी गिरावट
हिंडनबर्ग की रिपोर्ट आने के बाद अडाणी समूह की कंपनियों के बॉन्ड्स की कीमतों में भी बड़ी गिरावट आई है। विदेशी बाजार में Adani Ports & Special Economic Zone के 2029 में मैच्योर होने वाले बॉन्ड्स के प्राइस 2 फरवरी को गिरकर 72 सेंट्स के लेवल तक पहुंच गए थे। हालांकि, अब ये रिकवरी के बाद 78 सेंट्स पर आ गए हैं। अगले साल के अंत तक अडाणी समूह की कई कंपनियों के बॉन्ड्स मैच्योर हो रहे हैं। समूह के लिए इन बॉन्ड्स के निवेशकों को पैसे वापस करने का बड़ा चैलेंज होगा।
200 ग्लोबल इनवेस्टर्स ने किया है निवेश
Bloomberg के डेटा के मुताबिक, दुनियाभर के करीब 200 ग्लोबल इंस्टीट्यूशंस ने अडानी ग्रुप की कंपनियों के बॉन्ड्स में निवेश किया है। इनमें BlackRock जैसे बड़े फाइनेंशियल इंस्टीट्यूशंस शामिल हैं। इनका अडाणी ग्रुप की कंपनियों में कुल निवेश 8 अरब डॉलर का है। हिंडनबर्ग की रिपोर्ट आने के बाद Adani Group ने फिक्स्ड इनकम इनवेस्टर्स को कई बार अपनी वित्तीय स्थिति को लेकर सफाई दी है। कुछ ही दिन पहले उसने इनवेस्टर्स के साथ बैठक में हिंडनबर्ग की रिपोर्ट को आधारहीन बताया था।
27 फरवरी को भी अडाणी ग्रुप की कंपनियों के शेयरों पर दबाव देखने को मिला। ग्रुप की फ्लैगशिप कंपनी Adani Enterprises का शेयर सुबह में 4.7 फीसदी गरिकर 1,251 रुपये पर चल रहा था। Adani Power का शेयर 4.67 फीसदी की कमजोरी के साथ 139.80 रुपये पर था।