अमेरिका के सबसे बडे़ बैंक जेपीमॉर्गन चेज एंड कंपनी (JPMorgan Chase & Co) ने दूसरी तिमाही में अपने प्रॉफिट में 67 पर्सेंट की बढ़ोतरी हासिल की। बैंक ने इस दौरान कस्टमर्स को ज्यादा लोन बांटे और उसे ऊंची ब्याज दरों का फायदा मिला। जेपीमॉर्गन ने हाल में फर्स्ट रिपब्लिक बैंक (First Republic Bank) का अधिग्रहण किया है और इस वजह से भी बैंक की परफॉर्मेंस बेहतर रही।
जून तिमाही में जेपीमॉर्गन का प्रॉफिट 14.5 अरब डॉलर रहा, जबकि पिछले साल की इसी तिमाही में कंपनी का मुनाफा 8.65 अरब डॉलर रहा था। शेयरों के हिसाब से देखा जाए, तो बैंक का मुनाफा 4.75 डॉलर प्रति शेयर रहा। इस दौरान बैंक का रेवेन्यू बढ़कर 42.4 अरब डॉलर हो गया, जबकि पिछले साल की जून तिमाही में इसका रेवेन्यू 31.6 अरब डॉलर था।
जेपीमॉर्गन के नतीजे वॉलस्ट्रीट के अनुमानों से बेहतर रहे हैं। एक्सपर्टस ने बैंक का मुनाफा 3.97 डॉलर प्रति शेयर रहने का अनुमान जताया था। बैंकिंग सेक्टर में आए संकट के दौर में जेपीमॉर्गन ने खुद को बचाए रखा और संकट के इस दौर में भी कुछ बेहतर करने की कोशिश की।
इस दौरान तीन बैंक फेल हुए, जिनमें सिलिकॉन वैली बैंक (Silicon Valley Bank), सिग्नेचर बैंक (Signature Bank) और फर्स्ट रिपब्लिक बैंक (First Republic Bank) शामिल हैं। ऐसे में जेपीमॉर्गन के पास अरबों डॉलर का डिपॉजिट आया। साथ ही, बैंक में पैसे जमा करने वाले ज्यादातर कस्टमर बेहद अमीर थे।
इसके अलावा, जेपीमॉर्गन ने फर्स्ट रिपब्लिक बैंक को भी खरीद लिया। इस डील के तहत, जेपीमॉर्गन ने फर्स्ट रिपब्लिक की 84 शाखाओं का अधिग्रहण किया, डिपॉजिट के तौर पर 92 अरब डॉलर हासिल किए और 203 अरब डॉलर के लोन व अन्य सिक्योरिटीज भी उसे मिले। बैंक अब फर्स्ट रिपब्लिक बैंक के वेल्थ मैनेजमेंट बिजनेस और अन्य बिजनेस के इंटिग्रेशन में जुटा है।