L&T Q1 Results: जून तिमाही में 12% बढ़ा नेट प्रॉफिट, रेवेन्यू में 15% का उछाल

Larsen and Toubro (L&T) के शेयरों में आज 0.54 फीसदी की गिरावट देखी गई। यह स्टॉक BSE पर 3519.40 रुपये के भाव पर बंद हुआ है। कंपनी ने बाजार बंद होने के बाद नतीजे जारी किए हैं। कंपनी का मार्केट कैप 4.83 लाख करोड़ रुपये है

अपडेटेड Jul 24, 2024 पर 6:17 PM
लार्सन एंड टुब्रो (L&T) ने आज 24 जुलाई को FY25 की पहली तिमाही के नतीजे जारी किए हैं।

L&T Q1: इंजीनियरिंग और कंस्ट्रक्शन सेक्टर की दिग्गज कंपनी लार्सन एंड टुब्रो (L&T) ने आज 24 जुलाई को FY25 की पहली तिमाही के नतीजे जारी किए हैं। अप्रैल-जून तिमाही में कंपनी का नेट प्रॉफिट 12 फीसदी बढ़कर 2,786 करोड़ रुपये हो गया है। पिछले साल की समान तिमाही में कंपनी का मुनाफा 2,493 करोड़ रुपये था। कंपनी के शेयरों में आज 0.54 फीसदी की गिरावट देखी गई। यह स्टॉक BSE पर 3519.40 रुपये के भाव पर बंद हुआ है। कंपनी ने बाजार बंद होने के बाद नतीजे जारी किए हैं। कंपनी का मार्केट कैप 4.83 लाख करोड़ रुपये है।

L&T के रेवेन्यू में 15% का उछाल

वित्त वर्ष 2025 की पहली तिमाही में L&T का रेवेन्यू 15 फीसदी बढ़कर 55,120 करोड़ रुपये हो गया, जबकि एक साल पहले इसी तिमाही में यह 47,882 करोड़ रुपये था। कंपनी का नेट प्रॉफिट बाजार की उम्मीदों से थोड़ा कम रहा। हालांकि, कंपनी का रेवेन्यू बाजार के अनुमान से अधिक है। मनीकंट्रोल पोल के अनुसार, एलएंडटी का नेट प्रॉफिट वित्त वर्ष 2024 की इसी तिमाही में 2493 करोड़ रुपये से 15 फीसदी बढ़कर 2,876 करोड़ रुपये होने की उम्मीद थी। वहीं, रेवेन्यू में सालाना आधार पर 9.6 फीसदी की वृद्धि के साथ 52,518 करोड़ रुपये होने का अनुमान था।


L&T ने कहा कि 30 जून 2024 को समाप्त तिमाही में ऑर्डर इनफ्लो 70,936 करोड़ रुपये रहा, जो पिछले वर्ष की इसी तिमाही की तुलना में 8 फीसदी अधिक है। इसका कारण मध्य पूर्व के देशों से ऑर्डर में आई तेजी है। इंटरनेशनल ऑर्डर 32598 करोड़ रुपये रहे, जो कुल ऑर्डर इनफ्लो का 46 फीसदी है। एलएंडटी ने कहा कि 30 जून 2024 तक ग्रुप का कंसोलिडेटेड ऑर्डर बुक 490,881 करोड़ रुपये है, जिसमें इंटरनेशनल ऑर्डर की हिस्सेदारी 38 फीसदी है।

एलएंडटी को उम्मीद है कि पब्लिक और प्राइवेट कैपिटल इनवेस्टमेंट दोनों की मदद से मध्यम अवधि में भारत की आर्थिक वृद्धि की गति जारी रहेगी। कंपनी ने स्टॉक एक्सचेंज फाइलिंग में कहा, "यूनियन इलेक्शन समाप्त होने और संभावित राजनीतिक स्थिरता के साथ कैपेक्स और बिजनेस ऑप्टिमिस्म पर सरकार का लगातार जोर इनवेस्टमेंट के लिए शुभ संकेत है।" हालांकि, घरेलू स्तर पर अपेक्षित मजबूत विकास गति के बावजूद एलएंडटी को कुछ सेक्टर्स में कुशल श्रमिकों की कमी के कारण इन्फ्रॉस्ट्रक्चर की गति में मंदी की उम्मीद है।

एलएंडटी ने कहा कि उसे अंतरराष्ट्रीय ऑर्डर में उछाल की उम्मीद है, हालांकि नवंबर में होने वाले अमेरिकी राष्ट्रपति चुनावों से पहले आर्थिक अस्थिरता देखने को मिल सकती है। एलएंडटी ने कहा, "ब्रिटेन में सरकार बदलने और फ्रांस में संसद में गतिरोध के कारण यूरोपीय आर्थिक सुधार को लेकर चिंता बनी हुई है। चीन की आर्थिक सुधार पर बहस जारी है, क्योंकि बढ़ते व्यापार तनाव के कारण निर्यात में वृद्धि प्रभावित हो सकती है।"

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।