सितंबर 2024 तिमाही में मैरिको का कंसॉलिडेटेड नेट प्रॉफिट 20.27 पर्सेंट की बढ़ोतरी के साथ 433 करोड़ रुपये रहा। पिछले साल की इसी अवधि में कंपनी का मुनाफा 360 करोड़ रुपये रहा था। कंपनी ने एक्सचेंज फाइलिंग में बताया कि संबंधित अवधि में कंपनी की टोटल इनकम बढ़कर 2,746 करोड़ रुपये रही, जबकि एक साल पहले इसी अवधि में यह 2,514 करोड़ रुपये था।
कंपनी का ऑपरेशनल रेवेन्यू 7.6 पर्सेंट की बढ़ोतरी के साथ 2,664 करोड़ रुपये रहा, जबकि पिछले साल की इसी अवधि में यह आंकड़ा 2,476 करोड़ रुपये रहा। सितंबर 2024 तिमाही में मैरिको के इबिट्डा में 5 पर्सेंट की बढ़ोतरी देखने को मिली। संबंधित अवधि में कंपनी का खर्च बढ़कर 2,194 करोड़ रुपये हो गया, जबकि एक साल पहले इसी अवधि में यह आंकड़ा 2,038 करोड़ रुपये था।
अप्रैल-जून तिमाही में कंपनी का कंसॉलिडेटेड नेट प्रॉफिट 9 पर्सेंट बढ़ गया है। इस अवधि में कंपनी का मुनाफा 464 करोड़ रुपये रहा। मैरिको का कहना है कि सेक्टर प्राइसिंग ग्रोथ सालाना आधार पर पॉजिटिव हो गई है और कमोडिटी की कीमतों में बढ़ोतरी से निपटने के लिए ब्रांड्स कीमतों में बढ़ोतरी कर रहे हैं। मैरिको के फ्लैगशिप प्रोडक्ट पैराशूट कोकोनट ऑयल की सेल्स वॉल्यूम में 4 पर्सेंट की ग्रोथ रही, जबकि रेवेन्यू 10 पर्सेंट तक बढ़ गया।
कंपनी के 'सफोला' खाद्य तेल की ब्रांड सालाना आधार पर फ्लैट रही है, लेकिन प्राइस एडजस्टमेंट के कारण रेवेन्यू में 2 पर्सेंट की बढ़ोतरी रही। कंपनी को मौजूदा फिस्कल ईयर की दूसरी छमाही में डोमेस्टिक रेवेन्यू ग्रोथ डबल डिजिट में रहने की उम्मीद है और कंपनी के इंटरनेशनल बिजनेस की परफॉर्मेंस लगातार बेहतर रही है।