अगर आप सोचते हैं कि आपने चीनी से दूरी बना रखी है, तो ज़रा रुकिए। हमारी रोजमर्रा की कई खाने-पीने की चीज़ों में छिपकर चीनी मौजूद होती है, जिसका हमें अंदाजा भी नहीं होता। यहां हम आपको बता रहे हैं 7 ऐसी चीजों के बारे में, जिनमें चीनी छिपी हो सकती है और जो आपको चौंका सकती हैं
फ्लेवर्ड योगर्ट को अक्सर एक हेल्दी ब्रेकफास्ट माना जाता है, लेकिन इसमें शुगर की मात्रा काफी होती है। खासकर जब आप "लो फैट वेनिला योगर्ट" जैसे ऑपशन चुनते हैं, तो आपको लगेगा कि ये हेल्दी है लेकिन इसमें उतनी ही चीनी हो सकती है जितनी एक छोटे कप आइसक्रीम में होती है। कम फैट वाले योगर्ट में स्वाद को बेहतर बनाने के लिए कंपनियां अक्सर ज्यादा चीनी मिला देती हैं। इससे योगर्ट एक हेल्दी स्नैक की जगह एक मीठा डेज़र्ट बन जाता है, जो ब्लड शुगर को तेजी से बढ़ा सकता है।
बाजार में मिलने वाले तैयार पास्ता सॉस को स्वाद में बैलेंस करने के लिए उसमें अक्सर चीनी मिलाई जाती है। इसकी एसिडिटी को कम करने के लिए ऐसा किया जाता है। सिर्फ आधा कप सॉस में लगभग 12 ग्राम चीनी हो सकती है, जो देखने में कम लगती है लेकिन ये आपके ब्लड शुगर को बढ़ा सकती है।
ग्रेनोला बार आमतौर पर ओट्स और ड्राय फ्रूट्स से बनते हैं, जो सेहतमंद लगते हैं। लेकिन कई बार इन्हें मीठा बनाने के लिए इनमें सिरप, शहद या चॉकलेट मिलाई जाती है। इससे ये हेल्दी स्नैक कम और मीठा डेज़र्ट ज़्यादा बन जाते हैं।
केचप हर किसी को पसंद होता है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि सिर्फ एक चम्मच केचप में करीब एक चम्मच चीनी हो सकती है। इसलिए इसे कम इस्तेमाल करें या बिना चीनी वाला विकल्प चुनें, खासकर अगर आप इसे रोज़ खाते हैं।
सलाद खाने सेहत के लिए अच्छा होता है, लेकिन बाजार में मिलने वाली सलाद ड्रेसिंग में अक्सर स्वाद बढ़ाने के लिए चीनी मिलाई जाती है। इससे आपकी कैलोरी भी बढ़ सकती है, भले ही आपको लगे कि आप हेल्दी खा रहे हैं।
फ्रूट जूस को अक्सर एसिडिक बैवरेजिज़ यानि कोल्ड ड्रिंक के हेल्दी विकल्प के तौर पर देखा जाता है। भले ही पैक पर लिखा हो “100% फलों का रस”, लेकिन उसमें प्राकृतिक रस के साथ-साथ चीनी की भी मिठास होती है। पैक्ड जूस में मौजूद आर्टिफिशल शुगर डायबिटीज़ के खतरे को बढ़ाने का काम करती है। इसका स्वाद तो अच्छा होता है, लेकिन इसमें कैलोरी सॉफ्ट ड्रिंक जितनी हो सकती है।