सदियों पुरानी भारतीय चिकित्सा प्रणाली आयुर्वेद अब केवल एक परंपरा नहीं रही, बल्कि वैज्ञानिक शोधों के आधार पर यह आधुनिक चिकित्सा जगत में अपनी मजबूत पहचान बना रही है। हाल ही में केंद्रीय मंत्री प्रतापराव जाधव ने कहा, आयुर्वेद अब सिर्फ भारत की परंपरा नहीं रह गया है, बल्कि यह देश की "सॉफ्ट पावर" बन चुका है। उन्होंने बताया कि, आधुनिक रिसर्च और वैज्ञानिक तरीकों से मिले मजबूत प्रमाणों के चलते आयुर्वेद को अब दुनिया भर में मान्यता मिलने लगी है।
केंद्रीय मंत्री प्रतापराव जाधव ने मंत्री ने दिल्ली के फिल्म डिवीजन थिएटर में 90 मिनट की अंग्रेजी डॉक्यूमेंट्री "आयुर्वेद, द डबल हेलिक्स ऑफ लाइफ" के उद्घाटन समारोह में कही है।
केंद्रीय मंत्री ने क्या कहा
केंद्रीय मंत्री प्रतापराव जाधव ने कहा,, "प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आयुष मंत्रालय की स्थापना कर आयुर्वेद में एक नई क्रांति की नींव रखी। आज पूरी दुनिया आयुर्वेद और योग की बात कर रही है। इसका असर भारत ही नहीं, विदेशों में भी साफ दिखाई दे रहा है। हमारी पारंपरिक चिकित्सा पद्धतियों की लोकप्रियता लगातार बढ़ रही है और यह अपने सर्वोच्च स्तर पर पहुंच रही है।" उन्होंने आगे कहा, "भारत ने हमेशा आयुर्वेद को महत्व दिया है और सदियों से इसकी लोकप्रियता बढ़ाने के प्रयास किए हैं। आज आयुर्वेद को वैश्विक स्तर पर जो मान्यता मिल रही है, वह इसकी निरंतर गुणवत्ता और आधुनिक चिकित्सा अनुसंधान से मिले ठोस साक्ष्यों का परिणाम है।"
केंद्रीय मंत्री प्रतापराव जाधव ने डॉक्यूमेंट्री "आयुर्वेद, द डबल हेलिक्स ऑफ लाइफ" की भी तारिफ करते हुए इसे विज्ञान और संस्कृति का खास मेल बताया। उन्होंने कहा कि यह फिल्म दुनिया में आयुर्वेद की अहमियत और उसकी आधुनिक हेल्थकेयर में भूमिका को अच्छी तरह दिखाती है।
क्या है इस डॉक्यूमेंट्री में
बता दें ये डॉक्यूमेंट्री नेशनल अवॉर्ड विनर निर्देशक विनोद मनकारा ने बनाई है। फिल्म का निर्माण डॉ. एवी अनूप ने एवीए प्रोडक्शंस के बैनर तले किया है। इसमें उन्हें आयुर्वेदिक मेडिसिन मैन्युफैक्चरर्स ऑर्गनाइजेशन ऑफ इंडिया (AMMOI) का सहयोग मिला है। इस डॉक्यूमेंट्री का मकसद लोगों में आयुर्वेद को लेकर बनी गलत धारणाओं को दूर करना है। इसमें बताया गया है कि कैसे पारंपरिक आयुर्वेदिक ज्ञान को आज के वैज्ञानिक शोध और तकनीक से जोड़ा जा सकता है। फिल्म में 1,000 से ज्यादा रिसर्च स्टडीज का जिक्र किया गया है। इसके जरिए यह दिखाया गया है कि आयुर्वेद के फायदों को कैसे सटीक निर्माण प्रक्रियाओं और मेडिकल ट्रायल्स के जरिए साबित किया गया है।