देशवासियों को अनचाही कॉल्स के दर्द से छुटकारा दिलाने के लिए सरकार ने कमर कस ली है। इसके लिए सरकार और टेलीकॉम रेगुलेटर की सक्रियता बढ़ गई है जिससे लगता है अब अनचाही कॉल्स के निजात मिल जायेगी। खबरों की माने तो जल्द ही नागरिकों को अनचाही कॉल्स से ही बल्कि अनचाहे SMS से छुटकारा मिल सकता है। अनचाही कॉल्स और SMS रोकने के लिए टेलीकॉम कंपनियां नेटवर्क में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से लैस स्पैम फिल्टर लगाने की तैयारी कर रही हैं। इससे पहले पिछले हफ्ते टेलीकॉम रेगुलेटरी एथॉरिटी ऑफ इंडिया (Telecom Regulatory Authority of India (TRAI) ने इसके संबंध में टेलीकॉम कंपनियों को निर्देश जारी किया था। अब टेलीकॉम कंपनियां अनचाही कॉल्स को रोकने के लिए स्पैम फिल्टर लगाने की तैयारी कर रही हैं।
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से लैस फिल्टर लगाये जायेंगे
सीएनबीसी-आवाज़ के असीम मनचंदा ने इस खबर पर ज्यादा डिटेल बताते हुए कहा कि सरकार अनचाही कॉल्स, SMS से छुटकारा दिलाने की तैयारी कर रही है। इसके लिए कंपनियों को निर्देश जारी किये गये थे। अब पता चल रहा है कि टेलीकॉम कंपनियां इसके लिए स्पैम फिल्टर लगाएंगी। ये स्पैम फिल्टर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से लैस होंगे।
भारती एयरटेल का फिल्ट ट्रायल अंतिम चरण में
असीम ने कहा कि इस कार्रवाई में भारती एयरटेल (Bharti Airtel) सबसे आगे चल रही है। उसके फिल्टर का ट्रायल अंतिम चरण में है। एयरटेल एक ग्लोबल कंपनी के साथ मिलकर अनचाही कॉल्स को रोकने के लिए ट्रायल कर रही है। वहीं वोडाफोन-आइडिया (Vodafone-Idea) ने रेगुलेटरी सैंडबॉक्स का ट्रायल पूरा किया। वोडाफोन-आइडिया भी जल्द ही इसकी शुरुआत करेगा।
एक ग्राहक को आते हैं औसतन 2-3 स्पैम कॉल
आंकड़ों के मुताबिक देश में औसतन रोज एक ग्राहक 2-3 स्पैम कॉल उठाता है। इसमें से ज्यादातर कॉल्स लोन, बैंकिंग इंश्योरेंस से जुड़ी होती हैं। वहीं ट्रूकॉलर की रिपोर्ट के मुताबिक भारत स्पैम कॉल में दुनिया के अन्य देशों के मुकाबले चौथे नंबर पर है। लेकिन सरकार द्वारा एक्शन में आने कंपनियों द्वारा स्पैम फिल्ट लगाने से इससे छुटकारा मिलेगा। इसके लगाने से स्पैम कॉल को नेटवर्क पर खत्म करना आसान हो जाएगा।