Delhi-NCR News: दिल्ली में प्रदूषण काफी गंभीर स्तर पर पहुंच गया है। ऐसे में केंद्रीय एयर क्वालिटी पैनल ने आज शनिवार 29 अक्टूबर को एनसीआर के अथॉरिटीज को निर्देश दिया है कि वह इससे निपटने के उपाय करे जैसे कि ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान स्टेज 3 के तहत कंस्ट्रक्शन पर प्रतिबंध और किसी भी प्रकार की तोड़-फोड़ की गतिविधियों पर रोक।
हालांकि यह प्रतिबंध राष्ट्रीय सुरक्षा, डिफेंस, रेलवेज और मेट्रो रेल इत्यादि से जुड़े जरूरी प्रोजेक्ट्स पर यह प्रतिबंध नहीं लागू होगा। खनन पर रोक लगेगी। कंस्ट्रक्शन पर रोक के चलते नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम समेत अन्य इलाकों में हाउसिंग प्रोजेक्ट्स प्रभावित होंगे। दिल्ली में 24 घंटे का औसत एयर क्वालिटी इंडेक्स आज शाम 4 बजे 397 था जो जनवरी के बाद सबसे खराब रहा।
गाड़ियों पर भी लग सकता है प्रतिबंध
कमीशन फॉर एयर क्वालिटी मैनेजमेंट (CAQM) ने कहा है कि राज्य एनसीआर में बीएस 3 पेट्रोल और बीएस 4 डीजल चार पहिया गाड़ियों पर प्रतिबंध करने पर भी विचार कर सकते हैं। हालांकि यह निर्देश अथॉरिटीज के लिए बाध्य नहीं है।
एनसीआर अथॉरिटीज को पीएनजी इंफ्रा और सप्लाई वाली इंडस्ट्रियल एरिया में मंजूर किए गए फ्यूल पर नहीं चल रही सभी इंडस्ट्रीज को बंद करने को कहा गया है। जिन इंडस्ट्रियल एरियाज में पीएनजी इंफ्रास्ट्रक्चर और सप्लाई नहीं है, वहां अप्रूल्ड फ्यूल्स का इस्तेमाल नहीं करने वाली इंडस्ट्रीज हफ्ते में सिर्फ पांच दिन ही चल सकेंगी।
इन गतिविधियों पर प्रतिबंध नहीं
शनिवार की शाम को एक आपातकालीन बैठक में कमीशन की सब-कमेटी ने ग्रैप के स्टेज 3 को लागू करने की जरूरत बताई। ग्रैप (GRAP) दिल्ली-एनसीआर में वायु प्रदूषण से निपटने के लिए जरूरी कदमों का एक सेट है। स्टेज 3 के तहत अथॉरिटीज ने जरूरी प्रोजेक्ट्स के अलावा कंस्ट्रक्शन और तोड़-फोड़ की गतिविधियों पर रोक लगाने को कहा है।
वहीं प्लंबिंग, कारपेटरी, इंटीरियर डेकोरेशन और इलेक्ट्रिकल वर्क जैसी ऐसी एक्टिविटीज जिससे प्रदूषण नहीं होता है, उस पर रोक नहीं है। आयोग के मुताबिक आने वाले दिनों में हवाएं शांत रह सकती हैं और इनकी दिशा लगातार बदल सकती है। ऐसे में इसकी आशंका है कि प्रदूषण जल्द प्रभावी तरीके से न हटे।