पश्चिम बंगाल (West Bengal) की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी (Mamata Banerjee) ने सोमवार को घोषणा की कि राज्य में दुर्गा पूजा (Durga Puja) के लिए सरकारी अवकाश 30 सितंबर से 10 अक्टूबर तक रहेगा। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार दुर्गा पूजा आयोजन समितियों को वित्तीय सहायता 50,000 रुपए से बढ़ाकर 60,000 रुपए करेगी।
ममता बनर्जी ने सोमवार को दुर्गा पूजा का आयोजन करने वाले हर एक क्लब के लिए पिछले साल के 50,000 रुपए से बढ़ाकर 60,000 रुपए कर दिया है। इसके अलावा बिजली बिलों पर 60% छूट की घोषणा की।
ANI के मुताबिक, दुर्गा पूजा के लिए सरकारी अवकाश 30 सितंबर से 10 अक्टूबर तक रहेगा। पिछले साल, दुर्गा पूजा समितियों को 50,000 रुपए की वित्तीय सहायता प्राप्त हुई थी। इस साल समिति को 60,000 रुपए मिलेंगे।
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार के कर्मचारी 30 सितंबर से बंगाल के सबसे बड़े त्योहार दुर्गा पूजा के अवसर पर 11 दिनों की छुट्टी के हकदार होंगे। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार 1 सितंबर को धन्यवाद देने के लिए एक रैली निकालेगी। न्यूज एजेंसी PTI की रिपोर्ट के अनुसार, UNESCO ने त्योहार को अमूर्त सांस्कृतिक विरासत (ICH) टैग दिया है।
बनर्जी ने कहा, "केंद्र राज्य के लिए फंड जारी नहीं कर रहा है। इसके बावजूद, हम क्लबों के लिए पिछले साल के 50,000 रुपए से 60,000 रुपए तक का दान बढ़ाएंगे। हम उन्हें बिजली बिल पर 60 प्रतिशत की छूट भी देंगे।"
पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री ने आगे जोर दिया कि 1 सितंबर की रैली का कोई राजनीतिक एजेंडा नहीं होगा, और कोई भी और हर कोई इसमें शामिल होने के लिए स्वतंत्र है। उन्होंने यह भी कहा, "मैं इस रैली का हिस्सा बनने के लिए वरिष्ठ स्कूलों के 10,000 छात्रों को आमंत्रित करूंगी।"
CM ने यह भी कहा कि यहां रेड रोड पर वार्षिक दुर्गा पूजा कार्निवल 'दशमी' के तीन दिन बाद 8 अक्टूबर को होगा। रिपोर्ट में कहा गया है कि इसी तरह के कार्निवल जिलों में भी आयोजित किए जाएंगे।