देश की खुदरा महंगाई दर (Retail Inflation Rate) मई महीने में कुछ कम होकर 7.04 फीसदी पर रही। हालांकि यह अभी RBI के संतोषजनक स्तर (2 से 6 फीसदी) से ऊपर बनी हुई है। इससे पहले अप्रैल में देश की खुदरा मंहगाई दर 7.79 फीसदी की दर पर पहुंच गई थी, जो पिछले 8 सालों का इसका सबसे उच्चतम स्तर है।
नेशनल स्टैटिस्टिकल ऑर्गनाइजेशन (NSO) की तरफ से सोमवार को जारी आंकड़ो मुताबिक, खाने का सामान सस्ता होने से मई में कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स (CPI) आधारित खुदरा महंगाई दर में कमी आई है। खाने-पीने से जुड़े वस्तुओं की महंगाई दर मई 2022 में घटकर 7.97 फीसदी रही जो पिछले महीने 8.31 प्रतिशत थी।
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की मॉनिटरी पॉलिसी कमेटी ने इस महीने की शुरुआत में मौजूदा वित्त वर्ष के लिए महंगाई दर के अनुमान को 5.7 फीसदी से बढ़ाकर 6.7 फीसदी कर दिया। जबकि सरकार ने रिजर्व बैंक को दो फीसदी के उतार-चढ़ाव के साथ महंगाई दर 4 फीसदी पर रखने की जिम्मेदारी दी हुई है।
यह लगातार 32वां महीना है, जब महंगाई दर RBI की मीडियम अवधि के लक्ष्य 4 फीसदी से ऊपर है। इससे भी चिंताजनक बात यह है कि यह लगातार 5वां महीना है, जब महंगाई दर के RBI के संतोषनक स्तर 6 फीसदी से ऊपर है। ऐसे में इस बात की काफी अधिक संभावना है कि RBI ब्याज दरों में बढ़ोतरी के अपने रुख पर आगे भी कायम रहेगा।