व्यापार घाटे (Trade Deficit) के मामले में भारत को झटका लगा है। अगस्त महीने में भारत का व्यापार घाटा सालाना आधार पर बढ़कर 29.7 अरब डॉलर हो गया है, जबकि पिछले साल इसी महीने में यह 24.2 अरब डॉलर था। वाणिज्य मंत्रालय द्वारा आज 17 सितंबर को जारी आंकड़ों से यह जानकारी मिली है। इसके पहले पिछले महीने जुलाई में देश का व्यापार घाटा 23.6 अरब डॉलर रहा था।
सरकारी आंकड़ों के अनुसार, भारत का मर्चेंडाइज एक्सपोर्ट अगस्त में घटकर 34.71 अरब डॉलर रह गया, जो एक साल पहले 38.28 अरब डॉलर था, जबकि आयात 64.36 अरब डॉलर के रिकॉर्ड हाई पर पहुंच गया है, जो अगस्त 2023 में 62.30 अरब डॉलर था।
रॉयटर्स पोल के अनुसार, अर्थशास्त्रियों ने उम्मीद जताई थी कि अगस्त में देश का व्यापार घाटा 23 अरब डॉलर होगा। व्यापार सचिव सुनील बर्थवाल ने बढ़ती शिपिंग लागत और चीन में मंदी का हवाला देते हुए संवाददाताओं से कहा, "मौजूदा वैश्विक परिस्थितियों में निर्यात को बड़ी चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है।" अगस्त में सर्विसेज एक्सपोर्ट 30.69 अरब डॉलर रहा, जबकि एक साल पहले यह 28.71 बिलियन डॉलर था। सर्विसेज का इंपोर्ट 15.70 अरब डॉलर रहा, एक साल पहले यह 15.09 अरब डॉलर था।
इससे पहले जुलाई में मर्चेंडाइज एक्सपोर्ट में सालाना आधार पर 1.4 फीसदी की गिरावट आई और यह 33.98 अरब डॉलर रहा, जबकि इंपोर्ट 7.5 फीसदी बढ़कर 57.48 अरब डॉलर रहा। वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने हाल ही में भरोसा जताया कि वैश्विक चुनौतियों के बावजूद इस वित्त वर्ष में भारत का गुड्स एंड सर्विसेज एक्सपोर्ट 800 अरब डॉलर को पार कर जाएगा।