सरकार की PLI स्कीम सही दिशा में उठाया गया कदम है। इससे देश में मैन्यूफैक्चरिंग गतिविधियां बढ़ेगी और देश की जीडीपी में मैन्यूफैक्चरिंग सेक्टर का योगदान बढ़ता नजर आएगा। मैन्यूफैक्चरिंग गतिविधियों में तेजी आने से प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष दोनों तरह के रोजगार के मौके बढ़ेंगे। ऐसे में हम इंडियन इकोनॉमी की कंज्मप्शन स्टोरी को लेकर काफी बुलिश हैं। हालांकि हाल के दिनों में बढ़ती महंगाई के दबाव के चलते देश में खपत स्तर में गिरावट देखने को मिली है। मनीकंट्रोल के साथ हुई बातचीत में यह सारी बातें Baroda BNP Paribas के संजय चावला ने कहीं है।
बता दें कि संजय चावला को फंड मैनेजमेंट इक्विटी रिसर्च और मैनेजमेंट कंसल्टेंसी का 33 साल से ज्यादा का अनुभव है। इस बातचीत में उन्होंने बाजार पर अपनी राय देते हुए कहा कि बैंकिंग सेक्टर लॉन्ग टर्म के नजरिए से ज्यादा संभावनाओं वाला सेक्टर है। आगे इसमें देश की जीडीपी की तुलना में तेज ग्रोथ होती नजर आएगी।
पिछले कुछ वर्षों के कोविड से प्रभावित होने के चलते बैंकिंग सेक्टर की काफी डी-रेटिंग हुई है जिसकी वजह से बैकिंग शेयर इस समय वैल्यूएशन के नजरिए से काफी आर्कषक हो गए हैं। बैंकिंग सेक्टर इस समय लॉन्ग टर्म के लिए अच्छा लग ही रहा है नियर टर्म के लिए भी यह तुलनात्मक रूप से दूसरे सेक्टरों की तुलना में ज्यादा बेहतर नजर आ रहा है।
बाजार पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि शॉर्ट टर्म के नजरिए से बाजार की गति और मजबूती को लेकर कोई भविष्यवाणी करना बहुत मुश्किल है। लेकिन लंबी अवधि के नजरिए से भारतीय बाजार निश्चित तौर पर अच्छे नजर आ रहे हैं। इकोनॉमी की कंडिशन मजबूत है। सरकार द्वारा सुधार के लिए जो भी कदम उठाए गए हैं उसका असर इकोनॉमी पर दिखेगा। पिछले 6 महीने के दौरान बाजार में आई गिरावट ने अब इसको 2021 के हाई की तुलना में बेहतर बना दिया है।
डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सार्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।