14 जनवरी को ओडिशा (Odisha) के कटक (Cuttack) में मकर संक्रांति (Makar Sankranti) 'मेला' में भगदड़ (Stampede) जैसी स्थिति बन गई। इस दौरान कम से कम एक व्यक्ति की मौत हो गई और 20 लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। डॉ. रंजन कुमार बारिक ने बताया कि इस घटना में एक की मौत हो गई। तीन को कटक के दूसरे अस्पताल में रेफर किया गया है। ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक (Naveen Patnaik) ने एक महिला की मृत्यु पर दुख व्यक्त किया है और मृतक के परिजनों के लिए 5 लाख रुपए की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की है।
घटना बडंबा-गोपीनाथपुर में टी ब्रिज पर सिंहनाथ पिठा में हुई। मकर संक्रांति के लिए 2 लाख से ज्यादा लोग भक्त 'पीठ' के दर्शन करने पहुंचे। घायलों में चार की हालत गंभीर बताई जा रही है। पुलिस ने ये जानकारी दी।
पुलिस ने बताया कि ये घटना उस समय हुई जब मकर मेला के दौरान बड़ी संख्या में लोग बदम्बा-गोपीनाथपुर टी-पुल पर जमा हो गए।
बादम्बा-नरसिंहपुर के विधायक और पूर्व मंत्री देबी प्रसाद मिश्रा ने भगदड़ में एक महिला की मौत की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि घटना में 45 साल की अंजना स्वैन की मौत हो गई है, जबकि चार गंभीर रूप से घायल लोगों को कटक शहर स्थित SCB मेडिकल यूनिवर्सिटी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
मिश्रा ने बताया कि बाकी घायलों को बादम्बा स्थित सामुदायिक केंद्र में भर्ती किया गया है।
अथागढ़ के उप जिलाधिकारी हेमंत कुमार स्वाइन ने बताया कि घटना मेले में महिलाओं और बच्चों समेत श्रद्धालुओं की अचानक बढ़ी भीड़ की वजह से हुई, जो भगवान सिंहनाथ के दर्शन के लिए आए थे।
जिला प्रशासन ने बताया कि भीड़ बहुत ज्यादा थी, क्योंकि Covid-19 महामारी की वजह से दो साल के बाद लोग मंदिर दर्शन करने आए थे।
उप-जिलाधिकारी ने बताया कि कटक, खुर्दा, पुरी, अंगुल, ढेंकनाल, बौद्ध और नयागढ़ जिलों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिर में दर्शन करने आते हैं।