Delhi water crisis: राष्ट्रीय राजधानी के लिए पानी छोड़े जाने की मांग को लेकर अनिश्चितकालीन अनशन पर बैठीं दिल्ली की जल मंत्री आतिशी ने तबीयत बिगड़ने के बाद अपना धरना समाप्त कर दिया है। आम आदमी पार्टी (AAP) के राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने मंगलवार (25 जून) सुबह इसकी घोषणा की। संजय सिंह ने कहा कि अनिश्चितकालीन अनशन की लड़ाई को विराम दिया जा रहा है। लेकिन विपक्षी पार्टियों को लामबंद करके हम संसद में इस मुद्दे को उठाएंगे। उन्होंने कहा कि पिछले दिनों में मौसम ठीक हुआ है, पानी की मात्रा धीरे धीरे बढ़ रही है। मैं प्रधानमंत्री को भी इस संबंध में चिट्ठी लिख रहा हूं।
दिल्ली में चल रहे जल संकट को लेकर अनिश्चितकालीन अनशन पर बैठीं AAP नेता आतिशी की तबीयत सोमवार देर रात बिगड़ गई। उन्हें मंगलवार तड़के करीब 4 बजे एलएनजेपी अस्पताल में भर्ती कराया गया। डॉक्टरों के मुताबिक, आतिशी का ब्लड शुगर लेवल आधी रात को 43 और सुबह 3 बजे गिरकर 36 पर पहुंच गया। इसके बाद डॉक्टरों ने तुरंत उन्हें अस्पताल में भर्ती करने की सलाह दी।
आतिशी हरियाणा से दिल्ली के हिस्से का पानी जारी करने की मांग पर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर थीं। अनशन के चौथे दिन सोमवार को एलएनजेपी के डॉक्टरों ने आतिशी के स्वास्थ्य की जांच की थी। उनके स्वास्थ्य में गिरावट देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें अस्पताल में भर्ती होने की सलाह भी दी थी। उस समय आतिशी ने कहा कि मेरी जान से ज्यादा दिल्ली की जनता को पानी दिलाना जरूरी है। जब तक दिल्ली के लोगों को उनके हक का पानी नहीं मिल जाता उनका अनशन जारी रहेगा।
बीते 21 जून से दिल्ली की जल मंत्री आतिशी 28 लाख दिल्ली के लोगों को हरियाणा से उनके हक का पानी दिलाने के लिए अनिश्चितकालीन अनशन पर बैठी हैं। सोमवार को अनशन के चौथे दिन लोकनायक जयप्रकाश अस्पताल के डॉक्टरों की एक टीम ने उनके स्वास्थ्य की जांच की थी।
डॉक्टरों ने आतिशी के ब्लड प्रेशर और शुगर लेवल में बड़ी गिरावट दर्ज की। आतिशी का वजन भी कम हो गया है। जिस तेजी से आतिशी का ब्लड शुगर लेवल, ब्लड प्रेशर और वजन घटा है, डॉक्टरों ने उसे खतरनाक बताया है। साथ ही आतिशी का यूरिन कीटोन स्तर भी बढ़ता जा रहा है। उनके शरीर में कीटोन की मात्रा का इस प्रकार बढ़ना उनकी सेहत के लिए खतरनाक हो सकता है।