Maharashtra Crisis: शिवसेना (Shiv Sena) नेता संजय राउत (Sanjay Raut) ने कहा कि अगर बागी विधायक चाहते हैं, तो उनकी पार्टी महा विकास अघाड़ी (MVA) सरकार से बाहर निकलने के लिए तैयार है। राउत के इस बयान के तुरंत बाद कांग्रेस (Congress) ने गुरुवार को शाम 4 बजे अपने नेताओं की बैठक बुलाई है। ANI ने सूत्रों के हवाले से बताया कि शिवसेना नेता के बयान से कांग्रेस नाखुश है। इसी संबंध में सहयाद्री गेस्ट हाउस में ये बैठक बुलाई गई है।
बैठक में एचके पाटिल, बालासाहेब थोराट, नाना पटोले और अशोक चव्हाण समेत कांग्रेस के वरिष्ठ नेता भाग ले रहे हैं। ANI से बात करते हुए, महाराष्ट्र कांग्रेस प्रमुख नाना पटोले ने कहा कि राज्य में BJP को सत्ता में आने से रोकने के लिए पार्टी शिवसेना के साथ है।
उन्होंने कहा, "हम बीजेपी को सत्ता में आने से रोकने के लिए उनके (शिवसेना) साथ हैं। ED की वजह से ये खेल हो रहा है...कांग्रेस फ्लोर टेस्ट के लिए तैयार है। हम MVA के साथ हैं और रहेंगे। अगर वे (शिवसेना) किसी के साथ गठबंधन करना चाहते हैं, तो इससे हमें समस्या है।
इससे पहले आज, राउत ने कहा, "विधायकों को गुवाहाटी से बातचीत नहीं करनी चाहिए, उन्हें मुंबई वापस आना चाहिए और सीएम के साथ इस सब पर चर्चा करनी चाहिए। हम सभी विधायकों की इच्छा पर MVA से बाहर निकलने पर विचार करने के लिए तैयार हैं, लेकिन इसके लिए, वे यहां आकर मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे से इस पर चर्चा करें।"
राउत ने आगे दावा किया कि गुवाहाटी में 21 विधायकों ने शिवसेना से संपर्क किया है और जब वे मुंबई लौटेंगे, तो वे पार्टी के साथ होंगे। उन्होंने कहा, "उद्धव ठाकरे बहुत जल्द वर्षा वापस आएंगे। गुवाहाटी के 21 विधायकों ने हमसे संपर्क किया है और जब वे मुंबई लौटेंगे, तो वे हमारे साथ रहेंगे।"
वहीं NCP नेता जयंत पाटिल ने ट्वीट किया, "महाराष्ट्र विकास अघाड़ी महाराष्ट्र के विकास और कल्याण के लिए स्थापित सरकार है। हम आखिर तक उद्धव ठाकरे जी के साथ मजबूती से खड़े रहेंगे।"
दूसरी तरफ राज्य सभा में प्रतिपक्ष नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि बीजेपी महाराष्ट्र में सरकार गिराने की कोशिश कर रही है। शिवसेना के विधायकों को वो पहले सूरत लेकर गए, सूरत में किसकी सरकार है आप जानते हैं। फिर उसके बाद गुहवाटी लेके गए। ये बीजेपी का खेल है।