Most Affordable Country for Expats: प्रवासियों के लिए दुनिया का सबसे अच्छा देश, टॉप-10 में भारत भी इस स्थान पर, ऐसे बनी रैंकिंग

Most Affordable Country for Expats: विदेशों में बसना बहुत से लोगों का सपना होता है लेकिन जरूरी नहीं कि इसके लिए बैंक बैलेंस भी तगड़ा रखना पड़ता है। रहने या काम के लिए किस देश में जाएं, यह काफी कुछ आर्थिक सेहत पर निर्भर करता है। अब इसे लेकर एक रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि बाहरी लोगों के लिए दुनिया में सबसे सस्ता रहना अभी भी इस देश में ही है

अपडेटेड Jul 08, 2024 पर 1:29 PM
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Most Affordable Country for Expats: दुनिया भर में प्रवासियों के लिए दस सबसे बेहतर देशों की सूची में एशियाई देशों का दबदबा है और छह स्थान पर एशियाई देश ही है। (File Photo- Pexels)

Most Affordable Country for Expats: विदेशों में बसना बहुत से लोगों का सपना होता है लेकिन जरूरी नहीं कि इसके लिए बैंक बैलेंस भी तगड़ा रखना पड़ता है। रहने या काम के लिए किस देश में जाएं, यह काफी कुछ आर्थिक सेहत पर निर्भर करता है। अब इसे लेकर एक रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि बाहरी लोगों के लिए दुनिया में सबसे सस्ता रहना अभी भी वियतनाम में ही है। प्रवासियों के लिए लगातार चौथे साल वियतनाम सबसे अफोर्डेबल कंट्री साबित हुई। InterNations की इस साल 2024 की स्टडी के मुताबिक 53 देशों की सूची में यह टॉप पर है।

हालांकि लाइफ क्वालिटी के मामले में यह 40वें स्थान, डिजिटल लाइफ, हाउसिंग और लैंगुएज के जैसे जरूरी मानकों पर 29वें और वर्किंग अब्रॉड के मामले में 14वें स्थान पर है। वर्किंग अब्रॉड में कैरियर प्रॉस्पेक्ट्स, सैलरी और जॉब सिक्योरिटी को भी शामिल किया गया है। इस सर्वे में 174 इलाकों के 12 हजार से अधिक प्रवासियों को शामिल किया गया था।इस लिस्ट में मलेशिया को ब्राजील ने हटा दिया। मलेशिया पहले इस लिस्ट में 5वें स्थान पर थी, अब यह 11वें स्थान पर है यानी टॉप-10 से बाहर।

प्रवासियों के लिए दुनिया के 10 सबसे अफोर्डेबल देश


दुनिया भर में प्रवासियों के लिए दस सबसे बेहतर देशों की सूची में एशियाई देशों का दबदबा है और छह स्थान पर एशियाई देश ही है। इनमें भी दक्षिण-पूर्व एशिया के चार देश- वियतनाम, इंडोनेशिया, फिलीपींस और थाईलैंड हैं। यहीं नीचे 10 सबसे अफोर्डेबल देशों की लिस्ट दी जा रही है-

वियतनाम

कोलंबिया

इंडोनेशिया

पनामा

फिलिपींस

भारत

मेक्सिको

थाईलैंड

ब्राजील

चीन

वियतनाम इस कारण सूची में टॉप पर

इंटरनेशंस की चीफ मार्केटिंग ऑफिसर Kathrin Chudoba ने सीएनबीसी से बातचीत में कहा कि चार देशों- थाईलैंड, वियतनाम, फिलीपींस और इंडोनेशिया में हाउसिंग सबसे बड़ा प्लस प्वाइंट रहा। अधिकतर प्रवासी इस बात पर सहमत हैं कि यहां रहने के लिए ठिकाना खोजना आसान है और वे इस बात से भी खुश हैं कि यह कितना सस्ता है। वियतनाम में रहने वाले जिन प्रवासियों पर सर्वे किया गया, उनमें से 86 फीसदी का मानना है कि उनका लिविंग कॉस्ट उनके पॉकेट के हिसाब से सही है जबकि वैश्विक औसत 40 फीसदी है। इसके अलावा वियतनाम में रहने वाले 65 फीसदी प्रवासी अपनी वित्तीय स्थिति से संतुष्ट हैं, जबकि वैश्विक आंकड़ा 54 फीसदी है। 68 फीसदी का कहना है कि उनका डिस्पोजेबल हाउसहोल्ड इनकम आरामदायक जिंदगी जीने के लिए जरूरी पैसों से काफी अधिक है जबकि वैश्विक स्तर पर ऐसा मानने वाले प्रवासियों की संख्या 41 फीसदी ही है।

सिर्प कॉस्ट ऑफ लिविंग ही वियतनाम में नहीं कम है बल्कि उन्हें अधिक वेतन की भी गुंजाइश रहती है। जॉब संतुष्टि भी वियतनाम में काफी अधिक है। इसके चलते 'वर्क कल्चर एंड सैटिस्फिकेशन' में वियतनाम की रैंकिंग पिछले साल 24वें स्थान से उछलकर इस साल तीसरे स्थान पर पहुंच गई। वियतनाम में वर्क-लाइफ बैलेंस भी काफी अच्छा है और एक ब्रिटिश प्रवासी के मुताबिक यहां काम करना बहुत आरामदायक है जबकि पहले उसे काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता था। वियतनाम में 46 फीसदी प्रवासी ही फुल टाइम काम करते हैं जबकि वैश्विक औसत 57 फीसदी है। पांच में से एक प्रवासी पार्ट टाम करते हैं और 18 फीसदी रिटायर हो चुके हैं।

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