Ram Mandir: राम मंदिर ने पूरे भारत को जोड़ने का काम किया है। अयोध्या में राज मंदिर को बनाने के लिए देश के अलग-अलग राज्यों से सामान आ रहा है। भगवान राम के कपड़ों से लेकर मंदिर की घंटी के लिए खास तैयारी की गई है। राम मंदिर के लिए दिये गए काम को लोग भी आगे बढ़कर कर रहे हैं। अयोध्या (Ayodhaya) के राम मंदिर के लिए घंटियां तमिलनाडु से आ रही है। एक घंटी का वजन 120 किलोग्राम है।
अयोध्या में बजेगी तमिलनाडु की घंटी
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक अयोध्या में राम मंदिर के लिए नमक्कल जिले में कुल 42 घंटियां विशेष पूजा के बाद बंगलुरु से भेजी गईं है। राम मंदिर का अभिषेक जनवरी 2024 में होगा। बंगलुरु के एक भक्त 69 साल के राजेंद्र प्रसाद को 48 घंटियां बनाने का ऑर्डर पिछले महीने मिला, जो उन्होंने नामक्कल जिले के मोहनूर रोड पर अंडाल मोल्डिंग वर्क्स के मालिक आर राजेंद्रन को दे दिया। उन्होंने 12000 किलोग्राम की 42 घंटियां बनाई हैं।
1200 किलोग्राम की हैं घंटियां
अंडाल मोल्डिंग वर्क्स के मालिक आर राजेंद्रन (66) ने बताया कि उनका परिवार पिछली सात पीढ़ियों से इस कारोबार में है। राजेंद्र प्रसाद को हमारे काम के बारे में पता चला और उन्होंने चेन्नई में एक व्यापारी के माध्यम से हमसे संपर्क किया। उन्होंने कहा कि प्रसाद को राम मंदिर प्रशासन से मंदिर के लिए घंटियों की सप्लाई करने का आदेश मिला। उन्होंने ये ऑर्डर राजेंद्रन को दे दिया। मंदिर में लगाने के लिए 48 घंटी का ऑर्डर मिला है। अभी कुल मिलाकर 1,200 किलोग्राम वजन की 42 घंटियां बनाई गई हैं। जिन्हें नमक्कल अंजनेयार मंदिर में एक स्पेशल पूजा के बाद बंगलुरु भेज दी गईं। वह वहां से अयोध्या जाएंगी।
घंटी बनाने में हुआ ये मेटल इस्तेमाल
घंटियां बनाने के लिए चांदी, तांबा और कांसे सहित सभी जरूरी रॉ मैटेरियल उपलब्ध कराया। एक घंटी बनाने के लिए उन्होंने 600 रुपये दिए। हालांकि, आम तौर पर हम एक घंटी के लिए 1,200 रुपये लेते हैं। लेकिन क्योंकि ये घंटियां राम मंदिर के लिए भेजी जा रही थीं, इसलिए हमने उनके दिये पैसे को स्वीकार कर लिया। पिछले एक महीने में 20 श्रमिकों का इस्तेमाल करके हमने 42 घंटियां बनाई हैं और बाकि छह घंटियों पर काम चल रहा है। घंटियों का वजन अलग-अलग होता है। पांच घंटियों में से प्रत्येक का वजन 120 किलोग्राम है, छह घंटियों का वजन 70 किलोग्राम है और एक घंटी का वजन 25 किलोग्राम है। 22 जनवरी से पहले बाकी घंटियां भी अयोध्या भेजी जाएंगी। इन घंटियों की खास पूजा के बाद अयोध्या भेजा जाएगा।