Aether Industries IPO: स्पेशियालिटी केमिकल कंपनी एथर इंडस्ट्रीज का इनीशियल पब्लिक ऑफर (IPO) बुधवार 25 मई को दूसरे दिन सब्सक्रिप्सन का समय खत्म होने तक इश्यू 49 फीसदी सब्सक्राइब हुआ था। कंपनी ने आईपीओ के तहत कुल 93.56 लाख शेयरों को बोली के लिए रखा है, जिसके बदले में उसे पहले दिन 45.68 लाख शेयरों के लिए बोली मिली थी।
रिटेल निवेशकों ने अपने लिए आरक्षित शेयरों का 67 फीसदी सब्सक्राइब किया है। वहीं नॉन-इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (NII) ने अपने लिए लिए आरक्षित शेयरों का 16 फीसदी सब्सक्राइब किया। जबकि क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (QIB) ने अपने हिस्से के शेयरों का 39 फीसदी सब्सक्राइब किया। कर्मचारियों ने अपने लिए आरक्षित शेयरों का 93 फीसदी पहले दिन सब्सक्राइब किया।
एथर इंडस्ट्रीज का आईपीओ 24 मई को खुला था और इसके लिए 26 मई तक बोली लगाई जा सकती है। कंपनी ने अपने शेयरों के लिए 610-642 रुपये प्रति शेयर का प्राइस बैंड रखा है और वह इस इश्यू से 800 करोड़ रुपये जुटाने की तैयारी में है। आईपीओ का 50 फीसदी इश्यू क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) के लिए रिजर्व है, वहीं खुदरा इनवेस्टर्स और नॉन इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स के लिए क्रमशः 35 फीसदी और 15 फीसदी इश्यू रखा गया है।
Aether Industries IPO GMP Today
बाजार जानकारों के मुताबिक, एथर इंडस्ट्रीज के शेयरों का ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) बुधवार को 10 रुपये था। यानी अनलिस्टेड मार्केट में एथर इंडस्ट्रीज के शेयर अपने ऊपरी प्राइस बैंड से 10 रुपये अधिक के प्रीमियम पर ट्रेड कर रहे थे।
वर्ष 2013 में स्थापित कंपनी एडवांस इंटरमीडिएट और स्पेशियलिटी केमिकल का उत्पादन करती है। गुजरात में Aether की दो इकाइयां हैं। कंपनी की एक इकाई करीब 3,500 वर्ग मीटर में फैली है जिसमें उसकी रिसर्च एंड डेलवपमेंट यूनिट के साथ ही एनालिटिकल साइंस लैबोरेटरी, पायलट प्लांट, CRAMS फैसिलिटी और हाइड्रोजेनेशन इकाई स्थित है। कंपनी की दूसरी इकाई 10,500 वर्ग मीटर में फैली हुई है जो मुख्यत: उत्पादन इकाई है। इसकी उत्पादन क्षमता 6,096 MT प्रति वर्ष है।
एथर की इस इश्यू से मिली 627 करोड़ रुपये की धनराशि से ग्रीनफील्ड प्रोजेक्ट्स बनाने, कर्ज चुकाने और सामान्य कॉर्पोरेट उद्देश्यों के लिए इस्तेमाल करेगी। एथर ने दिसंबर, 2021 में समाप्त नौ महीनों के दौरान नेट प्रॉफिट में 18.45 फीसदी की ग्रोथ दर्ज की।
एंजेल वन ने दी सब्सक्राइब की सलाह
एंजेल वन (Angel One) के एनालिस्ट्स का मानना है कि वित्त वर्ष 19-21 के दौरान उसके ऐतिहासिक राजस्व और मुनाफे में 50 फीसदी और 75 फीसदी सीएजीआर को देखते हुए एथर की वैल्यूएशंस उचित लगती है। सब्सक्रिप्शन के लिए इश्यू बेहतर लगता है। इसलिए ब्रोकरेज ने इश्यू को ‘सब्सक्राइब’ रेटिंग दी है।
रेलिगेयर ने दी न्यूट्रल रेटिंग
बिज़नेस स्टैंडर्ड की एक रिपोर्ट के मुताबिक, रेलिगेयर ब्रोकिंग ने इस इश्यू के लिए न्यूट्रल रेटिंग दी है। ब्रोकरेज फर्म का मानना है कि कंपनी अपने अलग फोर्टफोलियो के साथ इंडस्ट्री में उभरते ट्रेंड्स से लाभ उठाने के लिए अच्छी स्थिति में है। हालांकि ब्रोकरेज का मानना है कि मजबूत वित्तीय प्रदर्शन के बावजूद, कच्चे माल की कीमतों में उतार-चढ़ाव और भारी कर्ज जैसे फैक्टर्स कंपनी के प्रदर्शन पर असर डालते रहेंगे। इसीलिए ब्रोकरेज ने आईपीओ के लिए न्यूट्रल रेटिंग दी है।