Ardee Engineering IPO: हैदराबाद बेस्ड इंजीनियरिंग सॉल्यूशंस प्रोवाइडर आर्डी इंजीनियरिंग अपने IPO से 580 करोड़ रुपये जुटाने की तैयारी में है। इसके लिए कंपनी ने 27 मार्च को कैपिटल मार्केट रेगुलेटर SEBI के पास ड्राफ्ट पेपर दाखिल किए। IPO में 500 करोड़ रुपये के नए इक्विटी शेयर जारी होंगे। साथ ही प्रमोटर चंद्रशेखर मोटुरु की ओर से 80 करोड़ रुपये के शेयरों का ऑफर फॉर सेल होगा। फाउंडर चंद्रशेखर मोटुरु के पास कंपनी में लगभग 89.99 प्रतिशत हिस्सेदारी है और 10 प्रतिशत शेयर उनके बेटे रागदीप मोटुरु के पास हैं।
DRHP फाइलिंग के मुताबिक, आर्डी इंजीनियरिंग प्री-IPO राउंड में 100 करोड़ रुपये तक का फंड जुटाने पर विचार कर सकती है। अगर ऐसा होता है तो IPO में नए शेयरों के इश्यू का साइज कम हो जाएगा। कंपनी के लिस्टेड कॉम्पिटीटर्स में पेन्नर इंडस्ट्रीज, एवरेस्ट इंडस्ट्रीज, पीएसपी प्रोजेक्ट्स, ISGEC हेवी इंजीनियरिंग और इंटरआर्क बिल्डिंग प्रोडक्ट्स जैसे नाम शामिल हैं।
IPO के पैसों का कैसे होगा इस्तेमाल
आर्डी इंजीनियरिंग अपने IPO में नए शेयरों को जारी कर हासिल होने वाले पैसों में से 279.6 करोड़ रुपये का इस्तेमाल तेलंगाना के सीतारामपुर में दो नए मैन्युफैक्चरिंग प्लांट लगाने के लिए करेगी। साथ ही 44.8 करोड़ रुपये आंध्र प्रदेश के परवाड़ा में एक नई इंटीग्रेटेड मैन्युफैक्चरिंग फैसिलिटी शुरू करने के लिए इस्तेमाल करने का प्लान है। इसके अलावा 65 करोड़ रुपये का इस्तेमाल कर्ज चुकाने और बाकी पैसों का इस्तेमाल सामान्य कॉरपोरेट उद्देश्यों के लिए किया जाएगा। जनवरी 2025 तक, कंपनी के खातों में कुल 362.2 करोड़ रुपये का कर्ज था।
आर्डी इंजीनियरिंग विभिन्न भौगोलिक क्षेत्रों और एंड यूजर इंडस्ट्रीज में एंड-टू-एंड सॉल्यूशंस का डायवर्सिफाइड सूट उपलब्ध कराती है। इसका फोकस प्री-इंजीनियर्ड बिल्डिंग, मैटीरियल हैंडलिंग सिस्टम और इंजीनियरिंग सर्विसेज पर है। कंपनी के पब्लिक इश्यू के लिए IIFL कैपिटल सर्विसेज और जेएम फाइनेंशियल को बुक रनिंग लीड मैनेजर के रूप में नियुक्त किया गया है।
Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।