Fractal Analytics IPO: एंटरप्राइज एआई और एनालिटिक्स कंपनी फ्रैक्टल एनालिटिक्स आईपीओ लाने की तैयारी कर रही है। इस आईपीओ के लिए प्राइस बैंड फिक्स हो चुका है। ₹2,834 करोड़ के इस आईपीओ के तहत ₹857-₹900 के प्राइस बैंड में पैसे लगा सकेंगे। सब्सक्रिप्शन के लिए यह इश्यू अगले हफ्ते 9 फरवरी को खुलेगा। ग्रे मार्केट में बात करें तो इसके शेयर ₹183 यानी 20.33% की GMP (ग्रे मार्केट प्रीमियम) पर हैं। हालांकि मार्केट एक्सपर्ट्स के मुताबिक ग्रे मार्केट से मिले संकेतों की बजाय कंपनी के फंडामेंटल्स और फाइनेंशियल के आधार पर ही निवेश का फैसला लेना चाहिए। इसके आईपीओ के तहत नए शेयर जारी होंगे और साथ ही साथ ऑफर फॉर सेल विंडो के तहत भी शेयरों की बिक्री होगी। आईपीओ की सफलता के बाद शेयरों की बीएसई और एनएसई पर एंट्री होगी।
Fractal Analytics IPO की डिटेल्स
फ्रैक्टल एनालिटिक्स का ₹2,834 करोड़ का आईपीओ सब्सक्रिप्शन के लिए 9-11 फरवरी के बीच खुला रहेगा। इसके आईपीओ में ₹857-₹900 के प्राइस बैंड और 16 शेयरों के लॉट में पैसे लगा सकेंगे। इश्यू का 75% हिस्सा क्वालिफाईड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB), 15% नॉन इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स और 10% खुदरा निवेशकों के लिए आरक्षित रहेगा। आईपीओ के तहत शेयरों का अलॉटमेंट 12 फरवरी को फाइनल होगा। फिर BSE और NSE पर 16 फरवरी को एंट्री होगी। इश्यू का रजिस्ट्रार एमयूएफजी इनटाइम है।
इस आईपीओ के तहत ₹1,023 करोड़ के नए शेयर जारी होंगे। इसके अलावा ₹1 की फेस वैल्यू वाले 2,01,15,555 शेयरों की ऑफर फॉर सेल विंडो के तहत बिक्री होगी। ऑफर फॉर सेल का पैसा तो शेयर बेचने वाले शेयरहोल्डर्स को मिलेगा। वहीं नए शेयरों के जरिए जुटाए गए पैसों में से ₹264.90 करोड़ सब्सिडरी फ्रैक्टल यूएसए का कर्ज हल्का करने के लिए इसमें निवेश, ₹57.10 करोड़ लैपटॉप की खरीदारी, ₹121.10 नए ऑफिस के सेटअप, ₹355.10 करोड़ आरएंडडी और मार्केटि्ंग और बाकी पैसे आम कॉरपोरेट उद्देश्यों पर खर्च होंगे।
Fractal Analytics की डिटेल्स
मार्च 2020 में बनी फ्रैक्टल एनालिटिक्स एक वैश्विक एंटरप्राइज एआई और एनालिटिक्स कंपनी है जो कंपनियों को अधिक बेहतर फैसले लेने में मदद करती है। इसका कारोबार दो अहम सेगमेंट्स-फ्रैक्टलडॉटएआई (Fractal.ai) और फ्रैक्टल अल्फा (Fractal Alpha) में है। इसके सिटीबैंक, फ्रेंकलिन टेंपलटन, नेस्ले और फिलिप्स जैसे दिग्गज क्लाइंट्स हैं।
कंपनी के वित्तीय सेहत की बात करें तो वित्त वर्ष 2023 में इसे ₹194.40 करोड़ का शुद्ध मुनाफा हुआ था लेकिन अगले ही वित्त वर्ष 2024 में यह ₹54.70 करोड़ के घाटे में आ गई जिससे उबरकर यह फिर वित्त वर्ष 2025 में ₹220.60 करोड़ के शुद्ध मुनाफे में पहुंच गई। इस दौरान कंपनी की टोटल इनकम लगातार बढ़ी और सालाना 17% से अधिक की चक्रवृद्धि दर (CAGR) से बढ़कर ₹2,816.20 करोड़ पर पहुंच गई। चालू वित्त वर्ष 2026 की बात करें तो पहली छमाही अप्रैल-सितंबर 2025 में कंपनी को ₹70.90 करोड़ का शुद्ध मुनाफा और ₹1,594.30 करोड़ का टोटल इनकम हासिल हो चुका है। सितंबर 2025 तिमाही के आखिरी में कंपनी पर ₹274.60 करोड़ का टोटल कर्ज था जबकि रिजर्व और सरप्लस में ₹1,937.10 करोड़ पड़े थे।
डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।