Goldline Pharmaceutical IPO: फार्मा सेक्टर की कंपनी गोल्डलाइन फार्मास्युटिकल का आईपीओ आज यानी 12 मई से सब्सक्रिप्शन के लिए खुल गया है। अगर आप SME सेगमेंट में निवेश कर अच्छी कमाई करना चाहते हैं, तो इस आईपीओ पर नजर रख सकते हैं। ग्रे मार्केट में इस शेयर को लेकर काफी हलचल है और यह इश्यू लिस्टिंग पर अच्छा मुनाफा दे सकता है।
Goldline Pharma IPO: जरूरी तारीखें और प्राइस बैंड
महत्वपूर्ण डेट्स : 12 मई से 14 मई तक।
प्राइस बैंड: ₹41 से ₹43 प्रति शेयर।
इश्यू साइज: ₹11.61 करोड़ का पूरी तरह से फ्रेश इश्यू।
लॉट साइज: निवेशकों को कम से कम 3,000 शेयरों के लिए बोली लगानी होगी। रिटेल निवेशकों के लिए न्यूनतम निवेश ₹1.29 लाख (1 लॉट) होगा।
गोल्डलाइन फार्मास्युटिकल मुख्य रूप से फार्मा उत्पादों की मार्केटिंग करती है। वैसे कंपनी की अपनी कोई मैन्युफैक्चरिंग यूनिट नहीं है। यह एसेट-लाइट मॉडल के तहत 15 कॉन्ट्रैक्ट मैन्युफैक्चरर्स से दवाएं बनवाती है और उन्हें अपने 'Goldline' ब्रांड के तहत बेचती है। कंपनी का 70% से ज्यादा रेवेन्यू महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश से आता है।
कंपनी का रेवेन्यू वित्त वर्ष 2023 के ₹19.85 करोड़ से बढ़कर वित्त वर्ष 2025 में ₹28.06 करोड़ हो गया है। सबसे अच्छी बात यह है कि कंपनी का नेट प्रॉफिट मार्जिन 1.31% से उछलकर 10.09% पर पहुंच गया है।
आईपीओ से जुटने वाले ₹11.61 करोड़ का इस्तेमाल कंपनी मुख्य रूप से अपना कर्ज चुकाने और वर्किंग कैपिटल की जरूरतों को पूरा करने के लिए करेगी। कर्ज कम होने से कंपनी की बैलेंस शीट और मजबूत होगी।
डिमैट खाते में शेयर क्रेडिट: 18 मई
लिस्टिंग की तारीख (BSE SME): 19 मई
लिस्टिंग पर तगड़ी कमाई के संकेत
ग्रे मार्केट में गोल्डलाइन फार्मा की धाक जमी हुई है। आज यानी 12 मई को इसका ग्रे मार्केट प्रीमियम ₹17 चल रहा है। अपर प्राइस बैंड ₹43 के हिसाब से यह शेयर ₹60 पर लिस्ट हो सकता है। यानी पहले ही दिन निवेशकों को करीब 39.53% का मुनाफा मिल सकता है।
Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।