IPO News: शेयर बाजार में एक और NBFC (नॉन-बैकिंग फाइनेंस कंपनी) आने की तैयारी कर रही है। जयपुर मुख्यालय वाली एसके फाइनेंस (SK Finance) ने अपना इनीशियल पब्लिक ऑफर (IPO) लाने की तैयारी शुरू कर दी है। मामले से वाकिफ सूत्रों ने मनीकंट्रोल को बताया कि SK Finance का आईपीओ साल 2024 में आएगा और कंपनी इससे 2,092 करोड़ रुपये से लेकर 2,511 करोड़ रुपये तक जुटा सकती है। SK Finance का औपचारिक नाम 'Ess Kay Fincorp' है। इस कंपनी में टीपीजी ग्रोथ, ऩॉर्वेस्ट वेंचर्स पार्टनर्स और मोतीलाल ओसवाल अल्टरनेट्स जैसी दिग्गज फर्मों ने निवेश किया हुआ है।
एक सूत्र ने बताया, "एसके फाइनेंस शेयर बाजार में लिस्टिंग के जरिए अपनी वैल्यू को अनलॉक करना चाहती है। IPO में कुछ निवेशक भी अपनी हिस्सेदारी बेचकर कंपनी से निकलेंगे। वहीं नए शेयरों से जुटाई गई राशि का इस्तेमाल कंपनी की ग्रोथ को बढ़ाने में किया जाएगा।" प्रस्तावित आईपीओ से परिचित एक दूसरे व्यक्ति ने भी मनीकंट्रोल को बताया कि IPO में नए शेयरों के साथ निवेशकों की ओर से एक ऑफर-फॉर-सेल (OFS) भी होगा।
एक तीसरे व्यक्ति ने मनीकंट्रोल को बताया, "सलाहकारों को चुनने के लिए ग्लोबल और घरेलू इनवेस्टमेंट बैंकरों के समूह के साथ इस सप्ताह बैठकें आयोजित की जाएंगी। कुछ बैठकें पहले भी हो चुकी हैं। एक प्री-आईपीओ राउंड भी हो सकता है, लेकिन कोई अंतिम फैसला नहीं लिया गया है।"
एसके फाइनेंस लिमिटेड की स्थापना 1994 में राजेंद्र कुमार सेतिया और उनके परिवार के सदस्यों ने की थी। इसके पोर्टफोलियो में पुराने और नए कमर्शियल वाहनों, ट्रैक्टरों, दोपहिया वाहनों और कमर्शियल लोन के लिए फंडिंग शामिल है। फर्म की वेबसाइट का कहना है कि इसके 9.3 लाख से अधिक ग्राहक और 9,500 से अधिक कर्मचारी हैं। इसकी उपस्थिति 12 राज्यों और 1 केंद्र शासित प्रदेश में है और देश भर में इसकी 490 से अधिक शाखाए हैं।
क्रिसिल रेटिंग्स ने 15 सितंबर को जारी एक नोट में कहा कि SK फाइनेंस के पास यूज्ड व्हीकल फाइनेंस सेगमेंट में 28 सालों से अधिक की विरासत है और समय के साथ, यह डायरेक्ट सेल्स एजेंट की मदद से पूरी तरह से एक एनबीएफसी बन गया है। .
30 जून 2023 तक के आंकड़ों के मुताबिक कंपनी के पास 7,937 करोड़ रुपये का AUM था। इसने जून 2023 तिमाही में 61 करोड़ रुपये का शुद्ध मुनाफा दर्ज किया था। वहीं इसकी कुल इनकम 403 करोड़ रुपये रही थी। वहीं वित्त वर्ष 2023 में इसका मुनाफा 223 करोड़ रुपये और कुल आय 1,314 करोड़ रुपये रहा था।