कांग्रेस (Congress) के पूर्व राष्ट्रीय प्रवक्ता रोहन गुप्ता (Rohan Gupta) बृहस्पतिवार को भारतीय जनता पार्टी (BJP) में शामिल हो गए। उन्होंने कांग्रेस पर ‘अपमान’ और ‘चरित्र हनन’ का आरोप लगाते हुए पिछले महीने पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दे दिया था। दिल्ली में पार्टी मुख्यालय में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी और पार्टी महासचिव विनोद तावड़े की मौजूदगी में गुप्ता बीजेपी में शामिल हुए।
बीजेपी में शामिल होने के बाद रोहन गुप्ता ने कहा, "कितने विरोधाभास हो सकते हैं? एक संचार प्रभारी हैं, जिनके नाम में 'राम' है, उन्होंने हमसे कहा कि जब सनातन (धर्म) का अपमान हो रहा था तो चुप रहो... देश के नाम का इस्तेमाल करके एक गठबंधन बनाया गया था, लेकिन 'देश विरोधी ताकतों' को इसमें शामिल किया गया था। ऐसी क्या मजबूरी है कि जिस केजरीवाल पर खालिस्तानियों से जुड़े होने का आरोप था, आज वे उनका समर्थन कर रहे हैं?”
अहमदाबाद से कांग्रेस ने दिया था टिकट
गुप्ता के अलावा पंजाब की पूर्व IAS अधिकारी परमपाल कौर और कुछ दूसरे नेता भी इस मौके पर बीजेपी में शामिल हुए।
कांग्रेस ने रोहन गुप्ता को अहमदाबाद पूर्व लोकसभा सीट से टिकट दिया था, लेकिन उन्होंने अपने पिता की खराब सेहत का हवाला देते हुए अपना नाम वापस ले लिया था। इसके कुछ दिनों बाद उन्होंने कांग्रेस पार्टी छोड़ दी।
कांग्रेस में करीब 15 सााल रहने के बाद गुप्ता ने कहा कि यह दिशाहीन और विरोधाभासों से भरी है, जिससे उसकी विश्वसनीयता कम हुई है।
AAP के साथ गठबंधन पर उठाए सवाल
उन्होंने राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा समरोह में शामिल नहीं होने, नागरिकता संशोधन कानून (CAA) का विरोध करने और आम आदमी पार्टी जैसे दलों से गठजोड़ जैसे मुद्दों का जिक्र किया और यह बताने की कोशिश की कैसे कांग्रेस कैसे विरोधाभासों से भरी है।
गुप्ता ने BJP के 2047 तक विकसित भारत के एजेंडे का समर्थन किया और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दृष्टिकोण की सराहना की। पिछले दिनों कांग्रेस के एक और प्रवक्ता गौरव वल्लभ ने भी BJP का दामन थाम लिया था।