Auto sector: बजट के बाद अब ऑटो सेक्टर बाजार के फोकस में आ गया है। दरअसल अगले साल से 12 लाख तक सालाना इनकम पर कोई टैक्स नहीं लगेगा लेकिन इसका क्या है ऑटो कनेक्शन? आइए डालते है एक नजर। बजट में 12 लाख तक के सालाना इनकम पर टैक्स में राहत से 2-व्हीलर, सस्ती कारों की डिमांड में उछाल संभव है। एंट्री लेवल EVs की भी डिमांड में उछाल मुमकिन है। सरकार ने 8वें वेतन आयोग का भी ऐलान किया। सिफारिशें लागू हुईं तो सरकारी कर्मचारियों की सैलेरी 20-30% बढ़ सकती है।
जैफरीज ने ऑटो सेक्टर पर जारी अपनी रिसर्च रिपोर्ट में कहा है कि इनकम टैक्स राहत से मिडिल क्लास को बड़ी राहत मिली है। टैक्स राहत से डिस्क्रिशनरी खपत को बढ़ावा मिलेगा। जैफरीज के मुताबिक 2-व्हीलर, सस्ती कारों की डिमांड में उछाल संभव है। FY25-27E के लिए 2-व्हीलर सालाना वॉल्यूम ग्रोथ 13% संभव है। वहीं कार वॉल्यूम ग्रोथ 9% संभव है।
जैफरीज ने इस सेक्टर पर मारुति सुजुकी पर खरीदारी की राय दी है और इसके लिए 15000 रुपये का टारगेट दिया है। वहीं टीवीएस मोटर पर 3050 रुपये के टारगेट प्राइस के साथ खरीदारी की राय दी है। वहीं आयशर मोटर्स को जैफरीज ने 6600 रुपये के टारगेट प्राइस के लिए बाय रेटिंग दी है। वहीं बजाज ऑटो ने 10550 रुपये के लक्ष्य के लिए खरीदारी की राय दी है।
ऑटो कंपनियों पर GOLDMAN SACHS
गोल्डमैन सैक्स ने ऑटो कंपनियों पर अपनी राय देते हुए कहा कि बजट टू-व्हीलर, सस्ते अफोर्डेबल कार के लिए पॉजिटिव है। टू-व्हीलर, अफोर्डेबल कार की EMI पर बचत होगी। TVS मोटर, हीरो मोटोर, आयशर मोटर्स, बजाज ऑटो, MSIL को फायदा होगा। वहीं सरकारी कैपेक्स से अशोक लेलैंड को फायदा संभव है।
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