विदेशी ब्रोकरेज फर्म मैक्वायरी को पावर सेक्टर में बड़ी संभावनाएं दिख रही हैं। इसकी वजह पावर की बढ़ती डिमांड है। एक्सपर्ट्स का मानना है कि पावर सेक्टर में कई ऐसी कंपनियां भी शामिल हैं, जो बिजली नहीं बनाती है लेकिन ट्रांसमिशन एंड डिस्ट्रिब्यूशन, पावर स्टोरेज जैसे अलॉयड बिजनेस से जुड़ी हैं। ब्रोकरेज फर्म का कहना है कि भारत में पावर सेक्टर कई सालों वाली इनवेस्टमेंट साइकिल में प्रवेश कर चुका है। इसमें ट्रांसमिशन इंफ्रास्ट्रक्चर की भी बड़ी हिस्सेदारी है।
