स्टॉक मार्केट्स (Stock Markets) से कमाई करने के लिए इसे ठीक तरह से समझना जरूरी है। कई दिग्गज निवेशक अपने अनुभव को बताते रहते हैं। इससे शेयरों की दुनिया समझने में बहुत मदद मिलती है। चार्ली मंगेर (Charlie Munger) ऐसे ही एक दिग्गज निवेशक थे। 99 साल की उम्र में उनका निधन हो गया। मंगेर दिग्गज इनवेस्टर वॉरेन बफे (Warren Buffett) के साथी थे। वह बफे की कंपनी Berkshire Hathaway के वाइस-चेयरमैन भी थे। उन्होंने शेयरों के बारे में कई बुनियादी बातें कही हैं। उन्होंने EBITDA को बकवास बताया था। कंपनियों की कमाई की ग्रोथ बताने के लिए EBITDA का इस्तेमाल होता है। इससे पता चलता है कि तिमाही या सालाना आधार पर किसी कंपनी की अर्निंग कितनी बढ़ी है।
मंगेर को स्टॉक मार्केट्स का दशकों का अनुभव था
मंगेर को स्टॉक मार्केट का कई दशकों का अनुभव था। उन्होंने लंबे समय तक दिग्गज अमेरिकी कंपनी Berkshire Hathaway में बड़ी जिम्मेदारी निभाई। इसका नेतृत्व किया। बफे मंगेर पर बहुत ज्यादा भरोसा करते थे। हम यहां मंगेर के कुछ मशूहर कोट्स के बारे में बता रहे हैं। ये निवेशकों को शेयरों की दुनिया समझने में काफी मददगार साबित हो सकती हैं।
चीजों को अपने तरीके से सीखने की कोशिश करें
मुंगेर ने कहा था कि जो लोग बिजनेस स्कूल में पढ़ने जा रहे हैं या पहले से पढ़ाई कर रहे हैं, उनके लिए मेरी सलाह है कि उन्हें चीजों को अपने तरीके से सीखने की कोशिश करनी चाहिए। इससे जब आप पढ़ाई कर स्कूल से बाहर निकलने की स्थिति में होंगे तब आपको उनकी पूरी समझ हो जाएगी। उन्होंने कहा था कि ज्यादातर लोग इस बात को हल्के में लेते हैं या इसका मतलब नहीं समझते हैं।
कुछ लोगों की गलितयां कुछ लोगों को अमीर बनाती हैं
मंगेर का मानना था कि लोग अक्सर शेयरों में निवेश करने में गलतियां करते हैं। उन्होंने कहा था कि अगर कुछ लोग गलतियां नहीं करेंगे तो कुछ लोग अमीर कैसे बनेंगे। उन्होंने अपनी गलती के बारे में भी बताया था। इस साल फरवरी में डेली जर्नल के शेयरहोल्डर्स की सालाना बैठक में उन्होंने कहा था कि चाइनीज ई-कॉमर्स और टेक्नोलॉजी कंपनी Alibaba में निवेश करना एक गलती थी।
जीवन को लेकर आशावादी सोच जरूरी
जीवन को लेकर मंगेर की सोच आशावादी थी। उनका कहना था कि जब जीवन के आखिरी पड़ाव पर मैं इतना आशावादी हो सकता हूं तो आप इनफ्लेशन जैसी छोटी प्रॉब्लम का समाधान क्यों नहीं कर सकते। उनका कहना था कि अगर जीवन को लेकर आपकी खास उम्मीदें हैं तो पहले आपको खुद को उन उम्मीदों के योग्य बनाना होगा। युवाओं को उनकी सलाह थी कि उन्हें हर अगले दिन बीते कल के मुकाबले बुद्धिमान बनने की कोशिश करनी चाहिए।
रोजाना कुछ देर बैठ चीजों के बारे में बात करना जरूरी
चीजों के बारे में सोचना और समझना जरूरी है। मंगेर का कहना था कि वह और बफे रोजाना काफी समय साथ बैठकर चीजों के बारे में बात करते थे। अमेरिकी कॉर्पोरेट वर्ल्ड में यह सामान्य नहीं है। उनका कहना था कि अगर आपकी दिलचस्पी चीजों को समझने और सीखने में है तो इतिहास से बड़ा शिक्षक कोई नहीं है। 30 डॉलर की इतिहास की बुक में अरबों डॉलर मूल्य के सवालों के जवाब मिल जाएंगे।
मंगेर की ईमानदारी ने कई लोगों को प्रभावित किया
मंगेर अपनी ईमानदारी और स्पष्ट सोच के लिए मशहूर थे। उनके व्यक्तित्व और खासकर ईमानदारी ने जीरोधा के को-फाउंडर नितिन कामत सहित कई दिग्गजों को प्रेरित किया है। कामत ने पिछले साल नवंबर में इस बारे में ट्वीट किया था। उन्होंने कहा था कि मंगेर गजब के इमानदार हैं। मैं उन्हें बहुत पसंद करता हूं।