भारत का फूड सर्विस सेक्टर इस समय एक बड़े संकट का सामना कर सकता है। कमर्शियल LPG सिलेंडरों की कमी के कारण बड़े पैमाने पर रेस्टोरेंट बंद होने की आशंका बढ़ गई है। उद्योग संगठनों का कहना है कि मौजूदा स्टॉक केवल एक हफ्ते तक ही चल सकता है।
भारत का फूड सर्विस सेक्टर इस समय एक बड़े संकट का सामना कर सकता है। कमर्शियल LPG सिलेंडरों की कमी के कारण बड़े पैमाने पर रेस्टोरेंट बंद होने की आशंका बढ़ गई है। उद्योग संगठनों का कहना है कि मौजूदा स्टॉक केवल एक हफ्ते तक ही चल सकता है।
इस स्थिति का असर फूड डिलीवरी प्लेटफॉर्म जैसे Zomato और Swiggy पर भी पड़ सकता है। क्योंकि ये हजारों रेस्टोरेंट्स के लगातार संचालन पर निर्भर करते हैं।
रेस्टोरेंट बंद होने की नौबत
CNBC-TV18 की रिपोर्ट के मुताबिक कई इलाकों में LPG डिस्ट्रीब्यूटर्स ने कमर्शियल सिलेंडरों की डिलीवरी रोक दी है। इससे कई जगहों पर तुरंत असर देखने को मिला है। उदाहरण के तौर पर बेंगलुरु में कमर्शियल गैस की सप्लाई पूरी तरह रुक गई है।
होटल और रेस्टोरेंट कारोबारियों का कहना है कि अगर जल्द सप्लाई बहाल नहीं हुई तो कई प्रतिष्ठानों को अस्थायी रूप से बंद करना पड़ सकता है, क्योंकि LPG के बिना किचन चलाना संभव नहीं है।
अगर ऐसा होता है तो फूड डिलीवरी ऐप्स पर ऑर्डर की संख्या और उपलब्धता दोनों पर असर पड़ेगा। इससे डिलीवरी सिस्टम पर दबाव बढ़ सकता है और ग्राहकों के लिए मेन्यू विकल्प भी कम हो सकते हैं।
Eternal और स्विगी के शेयर
जोमैटो की पेरेंट कंपनी Eternal का शेयर सोमवार को 0.89% की गिरावट के साथ 230.50 रुपये पर बंद हुआ। पिछले 1 महीने में स्टॉक 20.20% टूट चुका है। वहीं, स्विगी का शेयर 301.40 रुपये पर तकरीबन फ्लैट बंद हुआ। 1 महीने में यह 9.71% गिरा है।
Zomato के तिमाही नतीजे
दिसंबर तिमाही में Eternal (Zomato की पैरेंट कंपनी) ने 102 करोड़ रुपये का शुद्ध मुनाफा दर्ज किया। यह आंकड़ा CNBC-TV18 के अनुमान के बराबर रहा।
तिमाही के दौरान कंपनी की आय बढ़कर 16,315 करोड़ रुपये हो गई, जो CNBC-TV18 के 15,500 करोड़ रुपये के अनुमान से ज्यादा है। कंपनी की आय में यह बढ़त मुख्य रूप से क्विक कॉमर्स बिजनेस की वजह से आई।
Swiggy का घाटा बढ़ा
दूसरी ओर Swiggy Ltd ने 29 जनवरी को दिसंबर तिमाही के नतीजे जारी किए थे। इस दौरान कंपनी का घाटा पिछले साल के मुकाबले बढ़ गया।
दिसंबर तिमाही में Swiggy का शुद्ध घाटा बढ़कर 1,065 करोड़ रुपये हो गया, जबकि पिछले साल इसी तिमाही में यह 800 करोड़ रुपये था। इससे पहले सितंबर तिमाही में कंपनी को 1,092 करोड़ रुपये का घाटा हुआ था।
Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।
हिंदी में शेयर बाजार, स्टॉक मार्केट न्यूज़, बिजनेस न्यूज़, पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App डाउनलोड करें।