बिग मार्केट वॉयस में आज सीएनबीसी-आवाज़ के साथ जुड़े एएसके हेज सॉल्यूशंस (ASK Hedge Solutions) के CEO वैभव सांघवी। इनके पास फंड मैनेजमेंट का दो दशक से ज्यादा का अनुभव है। वैभव रिस्क-एडजेस्टेड रिटर्नस (Risk-Adjusted Returns) में काफी अच्छी पकड़ रखते हैं। इन्होंने एवेंडस और एम्बिट इन्वेस्टमेंट के साथ भी काम किया है। इसके अलावा ये डीएसपी मेरिल लिंच और एचडीएफसी बैंक से भी जुड़े रहे हैं। आइये उनसे जानते हैं कि मौजूदा मार्केट में उनकी क्या रणनीति है।
बाजार पर बात करते हुए वैभव ने कहा कि ग्लोबल मार्केट में उतार-चढ़ाव कायम है। FIIs का रुख साफ नहीं है बाजार को रिटेल निवेशकों ने संभाला है। जिस तरह से बाजार में ब्लॉक की सप्लाई आ रही है, आईपीओ की एंट्री हो रही है उससे लगता है कि भारतीय बाजार में कंसोलिडेशन का दौर थोड़े समय तक ओर जारी रह सकता है। हालांकि बाजार में जारी उतार-चढ़ाव अच्छा रहेगा। उन्होंने कहा कि बाजार को घरेलू निवेशकों से मजबूती मिली है। बाजार में मोमेंटम की कमी नहीं है।
वेट एंड वॉच मोड में ऑटो EV स्पेस
टू-व्हीलर और ईवी सेगमेंट पर बात करते हुए वैभव सांघवी ने कहा कि बिजनेस प्वाइंट से यह एनवायरनमेंट काफी डायनामिक होने वाला है। हर कंपनियां अपने मार्केट शेयर को बरकरार रखने के लिए स्ट्रैटजी बनाएगी। वैभव ने कहा कि नई ईवी कंपनियां का मार्केट शेयर तुरंत तेजी से नहीं बढ़ेगा। वहीं पुरानी ऑटो कंपनियों के पास EV निवेश के लिए कैश है। पुरानी ऑटो कंपनियां काफी मजबूत हो गई है। पुरानी कंपनियों के पास लंबी अवधि का नजरिया रख निवेश करने की भी क्षमता काफी है। जिसके चलते यह कहना गलत नहीं होगा कि आगे ऑटो EV स्पेस में कंपिटीशन बढ़ेगा। लिहाजा अभी कुछ समय के लिए इस स्पेस पर वेट एंड वॉच मोड में रहना ही बेहतर विकल्प होगा।
वैभव ने आगे कहा कि जिस तरह से ऑटो सेक्टर में काफी बदलाव हो रहे है। जो ऑटो कंपनियां सेक्टर में आ रहे है बदलाव को अपनाने में पूरी तरह से सक्षम है निवेशकों को उन कंपनियों में ही निवेश करना चाहिए। क्योंकि लंबी अवधि में वह कंपनियां ही अच्छा करती नजर आएगी।
अलग -अलग सेगमेंट में ऑटो सेक्टर को देखें तो टू-व्हीलर, ट्रैक्टर, ईवी जैसे सभी सेगमेंट अपने साइकिल के हिसाब से चल रहे है। जिस हिसाब से रुरल पर फोकस हो रहा है उससे टू-व्हीलर और ट्रैक्टर सेगमेंट में मोमेंटम देख पाएंगे।
कंज्यूमर ड्यूरेबल्स स्पेस में तेजी संभव
वैभव सांघवी ने कहा कि कंज्मशन थीम की बात करें तो इसमें डिस्क्रिशनरी स्पेस हायर इनकम लेवल, हायर एक्सपेंडीचर के लिहाजा से अच्छे नजर आ रहे है । डिस्क्रिशनरी स्पेस में वैभव को कंज्यूमर ड्यूरेबल्स स्पेस अच्छा लग रहा हैं । उनका कहना है कि आने वाले 2-3 सालों में कंज्यूमर ड्यूरेबल्स स्पेस में तेजी देखने को मिलेगी। वहीं ट्रैवेल एंड टूरिज्म में हमने देखा है कि बीते क्वाटर में दबाव देखने को मिला था। लेकिन ट्रैवेल एंड टूरिज्म में आने वाले 1-2 तिमाहियों नतीजों का इंतजार करेगे उसके बाद इसमें निवेश की रणनीति तय करेंगे।
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