फर्टिलाइजर्स कंपनियों के शेयर 25 अगस्त को रॉकेट बन गए। इस तेजी का रिश्ता रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से जुड़ा है। दरअसल, पुतिन ने भारत को फर्टिलाइजर्स और एनर्जी की पर्याप्त सप्लाई का आश्वासन दिया है। अमेरिका और ईरान के बीच जारी टकराव का असर फर्टिलाइजर्स सहित कई कमोडिटीज की सप्लाई पर पड़ा है। भारत फर्टिलाइजर्स की अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा इंपोर्ट से पूरा करता है।
FACT के शेयरों में आया सबसे ज्यादा उछाल
Fertilizers and Chemicals Travancore (FACT) के शेयरों में 25 अगस्त को सबसे ज्यादा तेजी दिखी। 1 बजे यह शेयर 16 फीसदी चढ़कर 910 रुपये पर चल रहा था। Paradeep Phosphates का शेयर 4.56 फीसदी के उछाल के साथ 156.10 रुपये पर चल रहा था। बीते छह महीनों में यह शेयर 34 फीसदी से ज्यादा उछला है। Rashtriya Chemicals and Fertilizers का शेयर 6.04 फीसदी के उछाल के साथ 126.21 रुपये पर चल रहा था। Madras Fertilizers का शेयर 6.86 फीसदी चढ़कर 70.18 रुपये पर चल रहा था। National Fertilizers के शेयरों में भी करीब 4 फीसदी तेजी दिखी।
विदेश मंत्री एस जयशंकर की रूस के राष्ट्रपति से मुलाकात
विदेश मंत्री एस जयशंकर ने 24 अगस्त को रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से मुलाकात की। बातचीत में रूस के राष्ट्रपति ने भारत को आश्वासन दिया है कि रूस भारत को फर्टिलाइजर्स और एनर्जी की कमी नहीं होने देगा। रूस के सरकारी न्यूज एजेंसी TASS ने पुतिन के एक बयान के बारे में बताया है। इसमें पुतिन ने कहा है, "हम भारतीय किसानों और एग्रीकल्चर सेक्टर की जरूरतों को पूरा करने के लिए हर कोशिश कर रहे हैं। हम सप्लाई बढ़ा रहे हैं और आगे भी ऐसा करने को तैयार हैं।"
मुश्किल वैश्विक स्थितियों के बीच दोनों देशों के पास सहयोग बढ़ाने के मौके
जयशंकर दो दिन के रूस के दौरे पर हैं। उनकी मुलाकात इस दौरान रूस के उप-प्रधानमंत्री डेनिश मानुतुरोव से भी हुई। उन्होंने इंडिया-रूस इंटर-गवर्नमेंटल कमीशन ऑन ट्रेड, इकोनॉमिक्स, साइंटिफिक टेक्नोलॉज और कल्चरल कोऑपरेशन (IRIGC-TEC) में भी हिस्सा लिया। जयशंकर ने कहा कि कठिन वैश्विक स्थितियों को देखते हुए दोनों देशों के लिए सहयोग बढ़ाने के नए मौके हैं। दोनों का फोकस रिस्क घटाने और डायवर्सिफिकेशन पर है।
फर्टिलाइजर सब्सिडी पर काफी बढ़ा है सरकार का खर्च
दुनिया में फिनिश्ड फर्टिलाइजर्स और एलएनजी की कीमतें हाई लेवल पर हैं। दोनों का इस्तेमाल भारत में यूरिया के उत्पादन में होता है। टाइम्स ऑफ इंडिया की मंगलवार की एक रिपोर्ट के मुताबिक, FY27 के पहले साढ़े चार महीनों में फर्टिलाइजर सब्सिडी के लिए सरकार का खर्च करीब 56 फीसदी बढ़ा है। फर्टिलाइजर्स सब्सिडी पर अब तक करीब 99,000 रुपये खर्च हो चुके हैं। अनुमान है कि FY27 में फर्टिलाइजर सब्सिडी पर सरकार का कुल खर्च 1.77 लाख करोड़ रुपये के बजट अनुमान को पार कर सकता है।