Indus Towers Share Price : इंडस टॉवर्स के शेयर बुधवार, 25 जनवरी को बीएसई पर इंट्राडे में 5 फीसदी कमजोर होकर 162.25 रुपये के स्तर पर पहुंच गए। यह शेयर का दो साल का निचला स्तर है। दरअसल, कंपनी को दिसंबर 2022 में समाप्त तिमाही के दौरान 708 करोड़ रुपये का घाटा हुआ है। इसकी मुख्य वजह 2,201 करोड़ रुपये के संदिग्ध कर्ज 493 करोड़ रुपये का असामान्य शुल्क रहा है। इससे पहले सितंबर तिमाही में कंपनी को 872 करोड़ रुपये का नेट प्रॉफिट रहा है। Indus Tower ने एक बयान में कहा कि अकाउंटिंग प्रैक्टिसेज में सख्ती से बुक्स में लॉस दर्ज किया गया है। दरअसल एक बड़े कस्टमर की तरफ से कलेक्शन में लगातार कमी बनी हुई है।
एक साल में 36 फीसदी टूटा शेयर
इस प्रकार, स्टॉक अक्टूबर 2020 के बाद के निचले स्तर पर पहुंच गया है। जनवरी में अभी तक शेयर 14 फीसदी टूट चुका है। वहीं, पिछले एक महीने में इंडस टावर का शेयर 15 फीसदी, छह महीने में 27 फीसदी और एक साल में 36 फीसदी कमजोर हो चुका है।
नतीजों की बात करें तो चालू वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही में कंपनी का रेवेन्यू तिमाही आधार पर 12.7 फीसदी और सालाना आधार पर 5 फीसदी घटकर 6,765 करोड़ रुपये रह गया। वहीं एबिटडा मार्जिन सालाना आधार पर 68.6 फीसदी घटकर 1,163 करोड़ रुपये रह गया। एबिटडा मार्जिन सालाना आधार पर 36 फीसदी घटकर 17.2 फीसदी रह गया। कंपनी ने Vodafone Idea के बकाए के एवज में 2,270 करोड़ रुपये का संदिग्ध कर्ज उपलब्ध कराया है।
इंडस टावर्स भारत में पैसिव टेलीकॉम इन्फ्रास्ट्रक्चर की अग्रणी प्रदाता है और यह विभिन्न मोबाइल ऑपरेटरों के लिए टेलीकॉम टावरों और कम्युनिकेशन स्ट्रक्चर्स को तैयार करती है, ओनरशिप रखती है और प्रबंधन करती है।
187,000 से अधिक टेलीकॉम टावरों के साथ कंपनी देश की सबसे बड़ी टावर इंफ्रास्ट्रक्चर प्रदाताओं में से एक है, जिसकी उपस्थिति सभी 22 टेलीकॉम सर्किलों में है। इंडस टावर्स भारत में सभी वायरलेस दूरसंचार सेवा प्रदाताओं को सेवाएं देती है।
आईसीआईसीआई सिक्योरिटीज ने एक नोट में कहा कि टीनेंसी में बढ़ोतरी की मुख्य वजह एयरटेल का 5जी रोलआउट रहा है। Vodafone Idea से कलेक्शन में देरी हुई है और सर्विस प्रोवाइडर के रूप में कंपनी का एक्सपोजर हमारी नजर में एक बड़ी चिंता है। हम Vodafone Idea से बकाये के कलेक्शन में सुधार होने तक इसकी संभावनाओं को लेकर सतर्क बने हुए हैं।
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