भारत की केमिकल इंडस्ट्री अत्यंत विविध और लाइसेंस रहित है (कुछ खतरनाक केमिकल्स को छोड़कर) और इसे स्पेशालिटी केमिकल्स, बल्क केमिकल्स, कृषि केमिकल्स, पेट्रोकेमिकल्स, पॉलिमर और फर्टीलाइजर्स में वर्गीकृत किया जा सकता है। इस इंडस्ट्री में 80,000 से अधिक व्यावसायिक प्रोडक्ट्स शामिल है।
भारत एग्रो-केमिकल्स के उत्पादन में संयुक्त राज्य अमेरिका, जापान और चीन के बाद चौथे स्थान पर है और डाई और डाई इंटरमीडियरीज के वैश्विक उत्पादन में भारत की लगभग 16 प्रतिशत हिस्सेदारी है।
सरकारी आंकड़ों के अनुसार, भारतीय केमिकल इंडस्ट्री का कारोबार 2019 में 178 अरब अमेरिकी डालर का था और 2025 तक 9.3 प्रतिशत की चक्रवृद्धि वार्षिक वृद्धि दर (CAGR) से बढ़कर ये 304 अरब अमरिकी डॉलर होने की उम्मीद है। इस इंडस्ट्रडी में 2025 तक 8 लाख करोड़ रुपये के निवेश आने की उम्मीद है।
स्पेशालिटी केमिकल्स की भारत में कुल केमिकल्स और पेट्रो-केमिकल्स बाजार में 22 प्रतिशत हिस्सेदारी है। जेएम फाइनेंशियल रिसर्च (JM Financial Research) की एक रिपोर्ट में कहा गया है कि स्पेशालिटी केमिकल्स इंडस्ट्री 2014 में लगभग 18 अरब अमेरिकी डालर से बढ़कर 2019 में 32 अरब अमेरिकी डालर हो गया और 2025 तक 12.4 प्रतिशत की सीएजीआर की दर से बढ़कर 64 अरब अमेरिकी डालर होने की उम्मीद है।
वैश्विक स्पेशालिटी केमिकल्स बाजार में भारत की हिस्सेदारी 2015 में 3 प्रतिशत से बढ़कर 2019 में 4 प्रतिशत हो गई। ये हिस्सेदारी 2025 तक बढ़कर 5.5 प्रतिशत पहुंचने की उम्मीद है।
JM Financial ने इन स्टॉक्स पर लगाया दांव
ब्रोकरेज ने Deepak Ntirite पर 2,800 रुपये के लक्ष्य के साथ "खरीदारी" की सलाह दी है। उनका मानना है कि ये अपने समकक्ष शेयरों से उल्लेखनीय रूप से डिस्काउंट पर मिल रहा है।
इसके अलावा जेएम फाइनेंशियल ने Navin Fluorine पर 4400 रुपये के लक्ष्य के लिए खरीदारी की सलाह दी और साथ ही PI Industries पर भी 3,675 रुपये के लक्ष्य के लिए खरीदारी करने की राय दी है। उनका मानना है कि ये शेयर लंबी अवधि में अच्छी कमाई कराने का दम-खम रखते हैं।
वहीं दूसरे ब्रोकरेज फर्म Edelweiss ने Balaji Amines, Neogen Chemicals और Rossari Biotech पर अपना दांव लगाया है।