JG Chemicals IPO Listing: जिंक ऑक्साइड बनाने वाली जेजी केमिकल्स (JG Chemicals) के शेयरों की आज घरेलू मार्केट में फीकी एंट्री हुई। इसके आईपीओ को निवेशकों का अच्छा रिस्पांस मिला था और ओवरऑल 28 गुना से अधिक सब्सक्राइब हुआ था। आईपीओ के तहत 221 रुपये के भाव पर शेयर जारी हुए हैं। आज BSE पर इसकी 211 रुपये और NSE पर 209.00 रुपये पर एंट्री हुई है यानी कि आईपीओ निवेशकों को कोई लिस्टिंग गेन नहीं मिला बल्कि 5 फीसदी से अधिक का घाटा हो गया। शेयरों की कमजोरी बनी हुई है। दिन के आखिरी में यह BSE पर 184.65 रुपये (JG Chemicals Share Price) के भाव पर बंद हुआ है यानी कि आईपीओ निवेशकों की पूंजी 16 फीसदी से अधिक घट चुकी है।
JG Chemicals IPO को मिला था तगड़ा रिस्पांस
जेजी केमिकल्स का 251.19 करोड़ रुपये का आईपीओ सब्सक्रिप्शन के लिए 5-7 मार्च तक खुला था। इस आईपीओ को निवेशकों का अच्छा रिस्पांस मिला था और ओवरऑल यह 28.52 गुना सब्सक्राइब हुआ था। इसमें क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) के लिए आरक्षित हिस्सा 32.33 गुना, नॉन-इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (NII) का हिस्सा 47.92 गुना और खुदरा निवेशकों का हिस्सा 18.03 गुना भरा था। इस आईपीओ के तहत 165 करोड़ रुपये के नए शेयर जारी हुए हैं। इसके अलावा 10 रुपये की फेस वैल्यू वाले 39 लाख शेयरों की ऑफर फॉर सेल विंडो के तहत बिक्री हुई है। ऑफर फॉर सेल का पैसा तो शेयर बेचने वाले शेयरहोल्डर्स को मिलेगा। वहीं नए शेयरों के जरिए जुटाए गए पैसों का इस्तेमाल कंपनी मैटेरियल सब्सिडियरी में निवेश, लॉन्ग टर्म वर्किंग कैपिटल की जरूरतें पूरा करने और आम कॉरपोरेट उद्देश्यों में करेगी।
वर्ष 1975 में बनी जेजी केमिकल्स फ्रेंच प्रोसेस के जरिए जिंक ऑक्साइड बनाती है। यह 80 से अधिक ग्रेड के जिंक ऑक्साइड बनाती है जिसका इस्तेमाल सेरामिक्स, पेंट्स और कोटिंग्स, फार्मा और कॉस्मेटिक्स, इलेक्ट्रॉनिक्स और बैट्रीज, एग्रोकेमिकल्स और खाद, स्पेशल्ची केमिकल्स, लुब्रिकेंट्स, ऑयल एंड गैस, और एनिमल फीड में होता है। इसके तीन मैनुफैक्चरिंग प्लांट हैं जिसमें से दो तो कोलकाता में हैं और एक आंध्र प्रदेश में। इसके क्लाइंट्स भारत समेत दुनिया के 10 से अधिक देशों में हैं।
कंपनी के वित्तीय सेहत की बात करें तो इसकी सेहत लगातार मजबूत हुई है। वित्त वर्ष 2021 में इसे 28.80 करोड़ रुपये का शुद्ध मुनाफा हुआ था जो अगले वित्त वर्ष 2022 में उछलकर 43.13 करोड़ रुपये और फिर वित्त वर्ष 2023 में उछलकर 56.79 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। इस दौरान कंपनी का रेवेन्यू सालाना 34 फीसदी से अधिक की चक्रवृद्धि दर (CAGR) से बढ़कर 794.19 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। चालू वित्त वर्ष 2023-24 की बात करें तो अप्रैल-दिसंबर 2023 में इसे 18.51 करोड़ रुपये का शुद्ध मुनाफा और 491.10 करोड़ रुपये का रेवेन्यू हासिल हो चुका है।