Market Insight : कच्चा तेल ठीक हुआ, तो क्या अब पानी बिगाड़ेगा बाजार की कहानी?
Market Insight:मानसून अब भारतीय बाजार के लिए बड़ा रिस्क बनता जा रहा है। BMC ने कंस्ट्रक्शन साइट्स पर पानी की सप्लाई अस्थायी रूप से बंद कर दी है। BMC ने इंडस्ट्रियल और कमर्शियल पानी की सप्लाई भी 20% घटाई है
Nifty Outlook : निफ्टी के लिए पहला रजिस्टेंस 24,000-24,050 पर और बड़ा रजिस्टेंस 24,150-24,200 पर है। 24200 पार हुआ तो 24500 तक की साफ रैली आएगी
Market Insight : कच्चे तेल के 80 डॉलर के नीचे फिसलने से बाजार में तेजी देखने को मिल रही है। निफ्टी 90 अंको से ज्यादा की बढ़त के साथ 24050 के पार निकला है। निचले स्तरों से शानदार रिकवरी के साथ बैंक निफ्टी 57500 के पार दिख रहा है। साथ ही मिडकैप और स्मॉलकैप में भी अच्छी रौनक है। ऐसे में बाजार की आगे की चाल पर बात करते हुए सीएनबीसी-आवाज़ के मैनेजिंग एडिटर अनुज सिंघल ने कहा कि बाजार यह मान चुका है कि US-ईरान वॉर अब खत्म हो चुका है। कच्चा तेल अब 80 डॉलर प्रति बैरल के नीचे आ चुका है। अगर यह 70-80 डॉलर के बीच सेटल हुआ तो बड़ी राहत होगी। महंगाई का एक खतरा यहां से अब कम होगा।
तेल ठीक हुआ,अब पानी बिगाड़ेगा कहानी?
लेकिन बड़ा सवाल यह है कि सब ठीक है लेकिन गिफ्ट निफ्टी क्यों सेलिब्रेट नहीं कर रहा है? इसका मुख्य कारण है हमारी नई समस्या यानी पानी। एल नीनो का असर दिख रहा है और बारिश के कोई संकेत नहीं हैं। अगर मानसून कमजोर रहा तो एक बड़ा रिस्क खुलेगा। इससे हमारे मैक्रो पर असर पड़ेगा। खैर,निफ्टी जब तक 23,850 के ऊपर है,अपट्रेंड बरकरार है। बैंक निफ्टी 56,800 के ऊपर अपट्रेंड में ही है। IT में डबल बॉटम के संकेत मिले हैं। AGM से पहले RIL का भी सपोर्ट मिल रहा है।
बाजार: आज के संकेत
आज दो एक्सपायरी के बीच वाला सैंडविच सेशन है। कल का हाई और लो आज के लिए सबसे बड़ा बेंचमार्क है। ब्रेंट ऑयल में और 4.4% की गिरावट आई है। अब यह 79.53 डॉलर पर है। कच्चे तेल की कीमतें 5 दिन पहले के हाई से 16% नीचे आ चुकी हैं। US-ईरान डील की डिटेल्स सामने आई है। ईरान को तुरंत अपना तेल बेचने का अधिकार मिलेगा। सभी मोर्चों पर युद्ध का तुरंत खत्म होगा,इसमें लेबनान भी शामिल है। दोनों देश एक-दूसरे पर हमला नहीं करेंगे। MoU साइन होने के बाद US तुरंत नेवल ब्लॉकेड हटा लेगा। अमेरिका 30 दिन में अपनी सेना को वापस बुलाएगा।
होर्मुज स्ट्रेट से जहाजों की आवाजाही को युद्ध से पहले के स्तर पर लाना ईरान की जिम्मेदारी होगी। 30 दिनों के अंदर समुद्री माइन्स को हटाने की जिम्मेदारी ईरान की होगी। US और साथी देश मिलकर ईरान की मदद करेंगे। विकास और पुनर्निर्माण के लिए 300 अरब डॉलर ईरान को देंगे। 60 दिनों में फाइनल समझौता करने की कोशिश होगी। ईरान ने फिर कहा कि न्यूक्लियर हथियार नहीं बनाएंगे। अंतिम समझौते में न्यूक्लियर हथियार पर बात फाइनल होगी।
बाजार: आज के संकेत
कल अमेरिकी बाजार मिलेजुले बंद हुए। नैस्डेक 1.15% गिरा लेकिन डाओ जोंस नए शिखर पर पहुंचा। बाजारों की नजर आज रात US फेड के फैसले पर है। फेड के नए चेयरमैन केविन वार्श के नेतृत्व में फेड की पहली बैठक है।
कमजोर मानसून नया सिरदर्द
मानसून अब भारतीय बाजार के लिए बड़ा रिस्क बनता जा रहा है। BMC ने कंस्ट्रक्शन साइट्स पर पानी की सप्लाई अस्थायी रूप से बंद कर दी है। BMC ने इंडस्ट्रियल और कमर्शियल पानी की सप्लाई भी 20% घटाई है।
बाजार: अब कौन से लेवल्स हैं जरूरी?
निफ्टी के लिए 24,000-24,150 के बीच अब थोड़ी रजिस्टेंस है। इन लेवल्स के ऊपर बड़ी वाली शॉर्ट कवरिंग आ सकती है। 6 दिनों की कवरिंग के बावजूद FIIs अभी भी जबर्दस्त शॉर्ट हैं। 6 दिनों में FIIs ने 48,000 शॉर्ट पोजीशन कवर की हैं। लेकिन अब भी करीब 2.3 लाख नेट शॉर्ट कॉन्ट्रैक्ट्स हैं। कल का सबसे बड़ा कम्फर्टिंग फैक्टर इंडिया VIX से मिला है। कल इंडिया VIX आखिरकार 200 DEMA के नीचे आकर बंद हुआ। युद्ध शुरू होने के बाद पहली बार इंडिया VIX 200 DEMA के नीचे बंद हुआ है। बैंक निफ्टी 2 दिनों से 200 DEMA के ऊपर बंद हो रहा है।
पिछली बार 21 अप्रैल को 200 DEMA के ऊपर सिर्फ 1 दिन बंद हो पाए थे। फॉलो थ्रू नहीं मिलने के कारण वहां से 5000 अंक गिरे थे। बैंक निफ्टी एक बड़े ब्रेकआउट के संकेत दिखा रहा है। बैंक निफ्टी में एक ब्रेकआउट पहले ही हो चुका है और अब थोड़ा कंसोलिडेशन है। बाजार के लिए यहां से अब सबसे बड़ा फैक्टर निफ्टी IT का होगा। निफ्टी IT में अब डबल बॉटम के पहले संकेत मिले हैं। कल HCLTech ने शायद एक गेम चेंजिंग निवेश किया है। यहां से अगर IT का सपोर्ट मिल जाए तो शायद निफ्टी का ब्रेकआउट पक्का हो।
बाजार: अब क्या हो रणनीति?
बाजार में पोजिशनल लॉन्ग सौदों को बढ़िया रिवॉर्ड मिल रहा है। रोज निफ्टी और बैंक निफ्टी आपके मुनाफे को बढ़ा ही रहे हैं। हां,ये जरूर है कि गैपअप में चेज करके पैसा नहीं बन रहा है। आपको सपोर्ट लेवल के आसपास पोजिशन्स को जोड़ना है। हर 300 अंकों की रैली पर SL को ट्रेल करना है। इंडेक्स से ज्यादा इस समय चुनिंदा शेयरों में मोमेंटम है। मिडकैप और स्मॉलकैप में इस समय शानदार रैली है। मिडकैप और स्मॉलकैप रैली पीक लड़ाई में शुरू हो गई थी। पहली बार मिडकैप और स्मॉलकैप ने निफ्टी से पहले बॉटम बनाया। 3 महीने के तुलनात्मक चार्ट में स्मॉल कैप सबसे शानदार है। ऑटो,बैंक,NBFCs,रियल एस्टेट अभी भी सबसे बेहतर हैं।
रियल एस्टेट में पानी की कटौती का थोड़ा दबाव दिख सकता है। मेटल शेयरों में अब थोड़ी मुनाफावसूली साफ दिख रही है। यहां से देखना होगा कि बाजार मानसून को कितना बड़ा रिस्क मानता है। रिस्क अब सिर्फ वहीं से है,ग्लोबल रिस्क अब कम हो चुका है।
निफ्टी पर रणनीति
निफ्टी के लिए पहला रजिस्टेंस 24,000-24,050 पर और बड़ा रजिस्टेंस 24,150-24,200 पर है। 24200 पार हुआ तो 24500 तक की साफ रैली आएगी।
निफ्टी के लिए सबसे अहम सपोर्ट 23,850-23,900 पर है। 23,850 के नीचे फिसले तो 23,600 तक कोई बड़ा सपोर्ट नहीं है। मौजूदा लॉन्ग सौदों पर 23,850 का सख्त SL रखें। खरीदारी का सबसे अच्छा जोन 23,900-23,950 पर है। SL 23,850 पर है। अगर निफ्टी निर्णायक तौर पर 24,050 के ऊपर निकले तो कॉल्स के जरिये दांव खेलें।
बैंक निफ्टी में 56,800 के SL के साथ लॉन्ग रहें। खरीदारी का सबसे अच्छा जोन 57,000-57,200 है। स्टॉप लॉस 56,800 पर रखें। इसके लिए पहला रजिस्टेंस 57,500 पर है। बड़ा रजिस्टेंस 58,000 पर है। अगर निफ्टी 56,800 के नीचे जाए तभी शॉर्ट करें।
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