Mid-day Mood : महंगाई की चिंता और कमजोर ग्लोबल संकेतों ने दिखाया असर, लाल निशान में सेंसेक्स-निफ्टी

Mid-day Mood : आज के कारोबारी सत्र में सबसे ज्यादा गिरावट आईटी शेयरों में हुई है। इसके बाद रियल्टी और तेल एवं गैस शेयरों में भी काफी कमजोरी देखने को मिल रही है। हालांकि बैंक खासतौर पर सरकारी बैंकों में खरीदारी देखने को मिली है। कुछ मीडिया शेयरों में भी तेजी आई है। निफ्टी में एक्सिस बैंक और अदानी पोर्ट्स टॉप गेनर्स में हैं। वहीं, विप्रो,टेक महिंद्रा और टीसीएस निफ्टी के टॉप लूजर्स में शामिल हैं

अपडेटेड Aug 18, 2023 पर 1:17 PM
Story continues below Advertisement
Mid-day Mood : दो महीने के हाई से गिरावट के बावजूद, डॉलर की तेजी भारतीय रुपए के लिए चिंता का विषय है। डॉलर इंडेक्स में आई हालिया तेजी के कारम रुपया अपनी बढ़त बरकरार रखने में कामयाब नहीं रहा है

Mid-day Mood : खाद्य महंगाई पर बढ़ती चिंताओं और ग्लोबल मार्केट से मिल रहे कमजोर संकेतों के बीच 18 अगस्त को घरेलू इंडेक्स में लगातार चौथे सप्ताह गिरावट देखने को मिल रही है। बाजार जानकारों का कहना है कि अमेरिकी बांड की बढ़ती यील्ड दुनियाभर के करेंसी बाजारों में तबाही मचा रही है,जिससे इक्विटी बाजारों में भी बिकवाली बढ़ रही है। इसके अलावा तुलनात्मक रूप से कमजोर मैक्रो इकोनॉमिक स्थिति,बढ़ती घरेलू महंगाई, एफआईआई की बिकवाली, चीन में मंदी और यूएस फेड की तरफ से महंगाई से निपटने के लिए ब्याज दरों में और बढ़त करने के संकेत ने भी निवेशकों को मुनाफावसूली करने के लिए प्रेरित किया है।

छोटे-मझोले शेयरों में कमजोरी

दोपहर 12.40 बजे के आसपास बीएसई का सेंसेक्स 252.54 अंक या 0.39 फीसदी की गिरावट के साथ 64898.48 पर कारोबार कर रहा था। वहीं,एनएसई निफ्टी 66.90 अंक या 0.35 फीसदी गिरकर 19298.35 पर नजर आ रहा था। अब तक मजबूती दिखा रहे छोटे-मझोले शेयरों में भी आज कमजोरी आई है। निफ्टी स्मॉलकैप 100 और निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स में 0.4 फीसदी और 0.2 फीसदी की गिरावट के साथ कारोबार देखने को मिल रहा है।


सबसे ज्यादा गिरावट आईटी शेयरों में

आज के कारोबारी सत्र में सबसे ज्यादा गिरावट आईटी शेयरों में हुई है। इसके बाद रियल्टी और तेल एवं गैस शेयरों में भी काफी कमजोरी देखने को मिल रही है। हालांकि बैंक खासतौर पर सरकारी बैंकों में खरीदारी देखने को मिली है। कुछ मीडिया शेयरों में भी तेजी आई है। निफ्टी में एक्सिस बैंक और अदानी पोर्ट्स टॉप गेनर्स में हैं। वहीं, विप्रो,टेक महिंद्रा और टीसीएस निफ्टी के टॉप लूजर्स में शामिल हैं।

यूएस डॉलर

दो महीने के हाई से गिरावट के बावजूद, डॉलर की तेजी भारतीय रुपए के लिए चिंता का विषय है। डॉलर इंडेक्स में आई हालिया तेजी के कारम रुपया अपनी बढ़त बरकरार रखने में कामयाब नहीं रहा है। अमेरिका में 10 ईयर बॉन्ड यील्ड 4.25 फीसदी पर पहुंच गई है। गुरुवार को ये 10 महीने की नई ऊंचाई 4.33 प्रतिशत पर पहुंच गई थी। मजबूत अमेरिकी आर्थिक आंकड़ों ने निवेशकों को चिंतित कर दिया है। इससे इस बात के संकेत मिल रहे हैं कि अमेरिकी ब्याज दरें लंबे समय तक ऊंचे स्तर पर रह सकती है, साथ इनमें और बढ़त हो सकती है।

भारतीय बाजार जोरदार बुल रन के लिए तैयार, 2024 के अंत तक निफ्टी छू सकता है 25000 का स्तर

टेक्निकल व्यू

निफ्टी 19300-19500 के बीच 200 अंकों के छोटे दायरे में घूमता दिख रहा है। निफ्टी को नीचे की तरफ 50 EMA पर सपोर्ट मिल रहा है। जबकि 20 EMA पर इसको सपोर्ट का सामना करना पड़ रहा है। एंजेल वन के समीत चव्हाण का कहना है कि ट्रेडर्स को इन स्तरों पर बारीकी से नजर रखनी चाहिए और बाजार के मूवमेंट से प्रभावित होने के बजाय इस रेंज के भीतर ही ट्रेड करना चाहिए। निफ्टी जब तक इस रेंज के ऊपरी या निचले छोर को नहीं तोड़ता इसकी दिशा साफ नहीं होगी। ग्लोल बाजार से मिलने वाले संकेत बाजार की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाएंगे। ऐसे में ग्लोबल मार्केट मे होने वाली हलचलों पर नजर रखें।

 

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।