सरकार की दिलचस्पी सरकारी कंपनियों की शेयर बाजार में लिस्टिंग या उनमें रणनीतिक हिस्सेदारी बेचने में बढ़ी है। मीडिया रिपोर्ट्स में कहा गया है कि फाइनेंस मिनिस्ट्री ने सरकारी कंपनियों की 15 सब्सिडियरीज और ज्वाइंट वेंचर्स को मीडियम से लॉन्ग टर्म में आईपीओ या स्ट्रेटेजिक सेल्स की संभावनाओं पर विचार करने को कहा है। अभी मार्केट में सेंटीमेंट मजबूत है। इकोनॉमी की सेहत अच्छी है। ऐसे में सरकारी कंपनियों की लिस्टिंग के लिए यह सही वक्त है। लेकिन, एनालिस्ट्स का कहना है कि अगर सरकारी बैंकों की बात की जाए तो कुछ ही बैंकों की सब्सिडियरीज में इनवेस्टर्स की दिलचस्पी हो सकती है।
