Pump and Dump: मनमानी बढ़ाया इस स्टॉक का भाव, अब 'सर्किट' अरशद वारसी एक साल तक नहीं कर सकेंगे शेयरों का लेन-देन

Pump and Dump: पम्प एंड डम्प के एक मामले में सेबी ने बड़ी कार्रवाई की है। इस मामले में सेबी ने बॉलीवुड के 'सर्किट' अरशद वारसी, उनकी पत्नी और उनके भाई को एक साल के लिए स्टॉक मार्केट में एंट्री पर रोक लगा दिया है। साथ ही इन सभी पर जुर्माना भी लगाया है और अवैध कमाई जब्त करने का आदेश भी दिया है। जानिए यह पूरा मामला क्या है?

अपडेटेड May 30, 2025 पर 1:36 PM
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Pump and Dump: पूंजी बाजार नियामक सेबी ने बॉलीवुड अभिनेता अरशद वापसी, उनकी पत्नी और उनके भाई को एक साल के लिए सिक्योरिटीज मार्केट से प्रतिबंधित कर दिया है।

Pump and Dump: पूंजी बाजार नियामक सेबी ने बॉलीवुड अभिनेता अरशद वारसी, उनकी पत्नी और उनके भाई को एक साल के लिए सिक्योरिटीज मार्केट से प्रतिबंधित कर दिया है। इसके अलावा इन सभी पर सेबी ने 5-5 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है और कुल मिलाकर ₹1.05 करोड़ की अवैध कमाई जब्त करने का भी आदेश दिया है। यह कार्रवाई साधना ब्रॉडकास्ट लिमिटेड (Sadhna Broadcast Ltd-SBL) के शेयरों के भाव मनमानी तरीके से बढ़ाकर उन्हें ऊंचे दाम पर बेचने यानी पंप एंड डंप बिक्री (डंप) के मामले में हुई है। इस मामले में सेबी ने फाइनल ऑर्डर जारी कर दिया है। सेबी ने सात लोगों पर 5 साल के लिए सिक्योरिटीज मार्केट में एंट्री पर बैन लगाया है और 54 लोगों पर एक साल के लिए। कंपनी का नाम अब बदलकर क्रिस्टल बिजनेस सिस्टम लिमिटेड (Crystal Business System Ltd) हो चुका है।

अरशद वापसी को दिया गया था यह लालच

सेबी ने आरोप लगाया है कि अरशद वारसी समेत अन्य लोगों ने मनीष मिश्रा नाम के व्यक्ति के साथ मिलकर कथित तौर पर साधना ब्रॉडकास्ट के बारे में फर्जी तरीके से पॉजिटिव माहौल बनाया और निवेशकों को इसके शेयर खरीदने के लिए लुभाने की कोशिश की। सेबी को मिश्रा और वारसी के बीच चैट मिली। सेबी ने आरोप लगाया कि वारसी को पता था कि मिश्रा शेयर में स्ट्रक्चर्ड ट्रेड कर रहे थे। हालांकि वारसी, उनकी पत्नी और भाई ने दावा किया है कि वे शेयर बाजार में नए हैं और इसकी बारीकियों से वाकिफ नहीं हैं। उन्होंने कहा कि वे धोखाधड़ी के शिकार हुए हैं और उसके बताए हुए ट्रेड से उन्हें काफी नुकसान हुआ है। सेबी ने अपने अंतिम आदेश में कहा कि अरशद वारसी ने 27 जून, 2023 को सेबी से कहा कि उन्होंने अपने खाते के अलावा, अपनी पत्नी और भाई के खातों से भी ट्रेडिंग की। सेबी के आदेश के मुताबिक मनीष मिश्रा और अरशद वारसी के बीच व्हाट्सएप चैट से पता चलता है कि मनीष मिश्रा ने अरशद वारसी, उनकी पत्नी और उनके भाई के बैंक खातों में 25-25 लाख रुपये ट्रांसफर करने का प्रस्ताव दिया था।


क्या है पूरा मामला?

सेबी का कहना है कि साधना ब्रॉडकास्ट के शेयरों में पंप और डंप हो रहा था। जांच में सामने आया कि शेयर की कीमत बढ़ाने के लिए फर्जी यूट्यूब वीडियो और स्ट्रक्चर्ड ट्रेडिंग से जुड़ी योजना चल रही थी। इसके बाद फिर कंपनी के प्रमोटर्स ने अपने शेयर खुदरा निवेशकों को बेच दिए। सेबी के आदेश में कहा गया है कि यूट्यूब पर फर्जी कंटेंट और पेड मार्केटिंग अभियान तैयार किया गया और निवेशकों को लुभाने के लिए इसका इस्तेमाल किया गया। सेबी ने इस मामले में 8 मार्च, 2022 से लेकर 30 नवंबर, 2022 तक की अवधि के लिए जांच की।

सेबी को शिकायत मिली थी कि निवेशकों को लुभाने के लिए यूट्यूब वीडियो पर फर्जी वीडियोज अपलोड किए जा रहे हैं और वीडियो को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने के लिए करोड़ों रुपये का पेड मार्केटिंग अभियान चलाया जा रहा है। शिकायत करने वाले ने यूट्यूब वीडियो के लिंक, यूट्यूब चैनलों के नाम और वीडियो अपलोड किए जाने की तारीख भी बताई थी। सेबी ने इसी मामले में मार्च 2023 में अंतरिम आदेश पारित किया था।

सेबी का आरोप है कि मिश्रा ने अपने सहयोगियों दीपक द्विवेदी और विवेक चौहान के साथ मिलकर साधना ब्रॉडकास्ट के शेयर प्राइस मनमानी तरीके से बढ़ाने के लिए फर्जी यूट्यूब वीडियो बनाए और उनका प्रचार किया। ये काम पांच यूट्यूब चैनल- द एडवाइजर, मिडकैप कॉल्स, प्रॉफिट यात्रा, मनीवाइज और इंडिया बुलिश के जरिए हुआ। सेबी के मुताबिक इन चैनलों पर साधना ब्रॉडकास्ट की कारोबारी सेहत और भविष्य की संभावनाओं के बारे में झूठे दावे किए गए। जांच से पता चला कि मनीष मिश्रा कंपनी के प्रचार में शामिल कई यूट्यूब चैनलों के एडमिनिस्ट्रेटर थे।

सेबी ने शेयरों के भाव में हेराफेरी के मामले में प्रमोटर्स के भी शामिल होने का आरोप लगाया। सेबी के मनीष मिश्रा, सुभाष अग्रवाल और एसबीएल के प्रमोटरों के बीच व्हाट्सएप मैसेज मिले। मनीष मिश्रा के सहयोगी जब यूट्यूब वीडियो जारी करते थे, उसके तुरंत बाद प्रमोटर ट्रेडिंग करते थे। सेबी ने पाया कि इसमें सबसे अधिक फायदा गौरव गुप्ता को मिला, जिसने 18.33 करोड़ रुपये कमाए। इसके बाद साधना बायो ऑयल्स प्राइवेट लिमिटेड ने 9.41 करोड़ रुपये कमाए। सेबी ने इन सभी व्यक्तियों और संस्थाओं को अवैध तरीके से कमाए गए मुनाफे को वापस करने का आदेश दिया है। मनीष मिश्रा पर ₹5 करोड़, गौरव गुप्ता, राकेश कुमार गुप्ता, सुभाष अग्रवाल, पीयूष अग्रवाल और लोकेश शाह पर ₹2-₹2 करोड़ का जुर्माना लगा है। जतिन मनुभाई शाह पर ₹1 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया गया है। इसी मामले में स्टॉक मैनिपुलेशन में शामिल एक आईपीएस अधिकारी ने सेबी के साथ मामला सुलझा लिया था।

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